संवाददाता: मनोज कुमार
जसवंतनगर/इटावा: क्षेत्र के हाईवे से लगे गांव कुर्सेना में कई सालों से साफ सफाई न होने के कारण तालाब का गंदा पानी दरवाजों तक भरा है। नगर से कुछ दूर हाईवे पर बसे कुरसेना गांव में वैसे तो दो तालाब हैं लेकिन अधिकांश घरों का गंदा पानी सिर्फ एक ही तालाब में जाता है। दोनों तालाबों का पानी बारिश के दौरान नदी तक जाने के लिए व्यवस्था ना होने के कारण आसपास के खेतों में भर जाता है जिससे किसानों की लाखों रुपए की फसलें खराब हो जाती हैं।

चिलचिलाती जून महीने की गर्मी में भी तालाब का ओवरफ्लो होना इस बात का स्पष्ट संकेत है कि बारिश के दौरान आसपास के दर्जनों घर बारिश के गंदे पानी से लबालब हो जाते हैं और इन घरों के लोग बमुश्किल घरों से बाहर निकल पाते हैं उन्हें मजबूरन घरों में ही कैद रहना पड़ता है। हाईवे की ओर से गया पक्का नाला तालाब तक गंदगी से बुरी तरह अटा पड़ा हुआ है जबकि तालाब में व्याप्त गंदगी को देखने से पता चलता है कि पिछले कई सालों से उसकी सफाई नहीं हुई है इस कारण तमाम गंदगी भरी पड़ी है और मक्खी मच्छर इत्यादि पनप रहे हैं जिससे बीमारियों के बढ़ने का खतरा बना हुआ है। बाल्मीकि बस्ती की ओर तो अनिल, गुड्डू, राजेश, संजय इत्यादि के चबूतरों पर तालाब का गंदा पानी भरा हुआ है और गली खड़ंजा व सीसी भी गंदे पानी से लबालब है।
मोहल्ले का एक हैंडपंप जो सड़क के किनारे है उसे भी तालाब के गंदे पानी व घास ने घेर लिया है जिससे मोहल्ले के लोग अब पेयजल के लिए भी तरस रहे हैं, ग्रामीण सुनील यादव, मेघ सिंह व सुनील टुंडे के अनुसार कई बार उच्चाधिकारियों को इस तालाब की सफाई कराने के लिए अवगत कराया गया किंतु नतीजा ढाक के तीन पात रहा। हालांकि सरकार तालाबों की साफ-सफाई पर लगातार जोर दे रही है अब देखना यह है कि कुरसेना गांव के इस तालाब की साफ सफाई हो पाती है कि नहीं। ग्रामीणों ने खंड विकास अधिकारी से इस तालाब को शीघ्र साफ करवाए जाने की मांग की है।