Agra News: अवैध अस्पताल में नवजात की मौत के मामले में कार्यवाही न होने पर मुख्यमंत्री से लगायी न्याय की गुहार
संवाद जनवाद टाइम्स न्यूज़
बाह: क्षेत्र में संचालित अवैध अस्पतालों की स्वास्थ्य विभाग से मिलीभगत के चलते आम जनमानस से इलाज के नाम पर मोटी रकम ऐंठी जा रही है बाबजूद इसके कई बार मरीज को अपनी जान से हाथ तक धोने पड़े हैं। अप्रिय घटना के बाद स्वास्थ्य विभाग लीपापोती कर मामले को रफा दफा कर देता है जिसके चलते इन अवैध अस्पताल संचालकों के हौसले बुलंद हैं।
ऐसा ही एक मामला कस्बा के कैंजरा रोड पर संचालित अस्पताल में प्रकाश में आया है जहाँ कमीशन के लालच में स्वास्थ्य विभाग की एएनएम व आशा ने प्रसूता को सीएचसी के बजाय इस अवैध अस्पताल में भर्ती करा दिया जहां झोलाछाप अस्पताल संचालक ने आशा व दाई के द्वारा प्रसूता का ऑपरेशन कर प्रसव करा दिया जिसमे नवजात की मौत हो गयी वहीं प्रसूता को अत्यधिक रक्तस्राव के चलते आगरा के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा जहाँ गंभीर हालत में उसका इलाज चल रहा है।

करनपुरा जैतपुर निवासी अरुण कुमार द्वारा मुख्यमंत्री को भेजे गए शिकायती पत्र के मुताबिक 5 सितंबर को उसने अपनी पत्नी गीता को प्रसव पीड़ा होने पर जैतपुर के सीएचसी में भर्ती कराया था जहां पर एएनएम व आशा ने बच्चे के उल्टा होने का हवाला देते हुए ऑपरेशन से डिलीवरी होने की बात कही तथा उसे गुमराह करते हुए बाह के कैंजरा रोड स्थित अवैध अस्पताल न्यू प्रतिज्ञा हॉस्पिटल में भर्ती करा दिया जहां दोनों ने अस्पताल के झोलाछाप संचालक के साथ मिलकर उसका प्रसव करा दिया। प्रसव में लापरवाही के चलते नवजात शिशु की मौत हो गयी वहीं प्रसूता की हालत गंभीर होने पर उसे आगरा के निजी अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। एएनएम व आशा की कमीशन खोरी के चलते हुई नवजात की मौत की शिकायत पीड़ित ने सीएचसी अधीक्षक से की लेकिन कार्यवाही न होने पर थक हारकर पीड़ित ने मुख्यमंत्री, मुख्य सचिव, मंडलायुक्त सहित अन्य उच्च अधिकारियों से कार्यवाही की गुहार लगाई है।