संवाददाता: राजेन्द्र कुमार
स्थान: राजापाकर / वैशाली
राजापाकर । प्रखंड मुख्यालय के राजापाकर बाजार स्थित कबीर मठ के पास पीएचईडी (PHED) द्वारा निर्मित जल मीनार से पानी की आपूर्ति बंद होने के कारण क्षेत्र में भीषण जल संकट उत्पन्न हो गया है। पिछले दो दिनों से पानी नहीं मिलने के कारण लोगों में हाहाकार मचा हुआ है।

जानकारी के अनुसार, जल मीनार पर लगभग 22 लाख रुपये का बिजली बिल बकाया रहने के कारण विद्युत विभाग ने इसकी बिजली आपूर्ति काट दी है। इस संबंध में कनीय विद्युत अभियंता विक्रम कुमार ने बताया कि बकाया राशि के कारण ही बिजली सप्लाई बंद की गई है।
वहीं पीएचईडी के ठेकेदार का कहना है कि विभाग से भुगतान नहीं मिलने के कारण बिजली बिल जमा नहीं हो सका, जिसके चलते यह स्थिति उत्पन्न हुई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पीएचईडी मंत्री का अनुमंडल क्षेत्र होने के बावजूद जल मीनार की बिजली काटना दुर्भाग्यपूर्ण है।
नल-जल योजना पर निर्भरता के कारण लोगों ने अपने घरों में चापाकल बनाना बंद कर दिया था, जिससे अब अधिकांश चापाकल सूख चुके हैं। ऐसे में जल मीनार से पानी की सप्लाई बंद होने से लोगों की परेशानी और बढ़ गई है।
पीएचईडी की कनीय अभियंता अनामिका कुमारी ने बताया कि विद्युत विभाग के उच्च अधिकारियों के निर्देश पर जहां भी बिजली बकाया है, वहां आपूर्ति बंद की जा रही है। जब तक बकाया राशि जमा नहीं की जाएगी, तब तक जल मीनार की बिजली बहाल नहीं होगी।
स्थानीय उपभोक्ताओं और जनप्रतिनिधियों जैसे राजीव रंजन उर्फ पंकज यादव, महेश प्रसाद सिंह, राजेश कुमार, मंटू कुमार, रंजीत कुमार, नागेश्वर शाह, दीपक कुमार और शंभू कुमार ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द पानी की आपूर्ति बहाल नहीं की गई, तो वे सड़क जाम कर धरना-प्रदर्शन करने को बाध्य होंगे।