Agra News :बिहार के वैशाली में बहुआरा पंचायत के विकास पर उठे सवाल, ग्रामीणों ने बताईं समस्याएं
संवाददाता: राजेन्द्र कुमार
बहुआरा, वैशाली (बिहार)। बिहार के वैशाली जिले के बरांटी थाना क्षेत्र अंतर्गत बहुआरा पंचायत में विकास कार्यों को लेकर ग्रामीणों और समाजसेवियों ने सवाल उठाए हैं। पंचायत के विकास की स्थिति पर चर्चा करने के लिए राजद कार्यकर्ता एवं समाजसेवी राजेश कुमार के आवास पर एक बैठक आयोजित की गई। बैठक में पंचायत की विभिन्न समस्याओं, नल-जल योजना की स्थिति, शौचालय की बदहाली और आमसभा आयोजित नहीं होने जैसे मुद्दों पर चर्चा हुई।
कार्यक्रम की अध्यक्षता समाजसेवी राजेश कुमार ने की, जबकि संचालन समाजवादी विचारधारा से जुड़े अधिवक्ता सुरेश प्रसाद सिंह ने किया। बैठक में मौजूद वक्ताओं ने आरोप लगाया कि बहुआरा पंचायत में अपेक्षित विकास कार्य नहीं हुए हैं और कई बुनियादी सुविधाओं की स्थिति चिंताजनक बनी हुई है।
पंचायत भवन पर झंडातोलन की सूचना नहीं देने का आरोप
बैठक में वक्ताओं ने कहा कि पंचायत भवन पर झंडातोलन जैसे कार्यक्रमों की जानकारी भी आम जनता को नहीं दी जाती है। उनका कहना था कि पंचायत स्तर पर होने वाले कार्यक्रमों में ग्रामीणों की भागीदारी सुनिश्चित की जानी चाहिए, ताकि लोगों को पंचायत की गतिविधियों की जानकारी मिल सके।

नल-जल योजना की स्थिति पर उठाए सवाल
बैठक में वार्ड संख्या 1 और 2 सहित पंचायत के विभिन्न वार्डों में विकास कार्यों की स्थिति पर नाराजगी जताई गई। वक्ताओं ने आरोप लगाया कि इन वार्डों में अब तक अपेक्षित विकास नहीं हुआ है। इसके साथ ही नल-जल योजना की स्थिति भी दयनीय बताई गई। ग्रामीणों ने पंचायत में बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाने की आवश्यकता पर जोर दिया।
बरूआ मठ के शौचालय की बदहाली का मुद्दा उठा
बैठक के दौरान बरूआ मठ में हुए निर्माण कार्यों को लेकर भी सवाल उठाए गए। वक्ताओं के अनुसार, यहां लगभग 50 लाख रुपये से अधिक की लागत से संबंधित टेंडर आया था। उन्होंने आरोप लगाया कि राशि का उचित उपयोग नहीं हुआ। बैठक में यह भी कहा गया कि वहां निर्मित शौचालय गंदगी से भरा हुआ है। वक्ताओं ने संबंधित कार्यों की जांच कराने और सार्वजनिक सुविधाओं की उचित देखरेख सुनिश्चित करने की मांग उठाई।
चार साल में विकास कार्य नहीं होने का लगाया आरोप
समिति सदस्य के पति डॉ. ज्वाला कुमार ने कहा कि बहुआरा पंचायत में जिस तरह का विकास होना चाहिए था, वह नहीं हो पाया है।
वहीं, पंचायत निवासी जय प्रकाश सिंह ने आरोप लगाया कि मुखिया प्रतिनिधि अर्चना कुमारी के कार्यकाल में पंचायत में अपेक्षित विकास कार्य नहीं हुए हैं। उन्होंने कहा कि चुनाव के बाद लगभग चार साल बीत जाने के बावजूद विकास कार्यों की स्थिति संतोषजनक नहीं है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पंचायत में आमसभा का आयोजन नहीं किया गया।
समाजसेवी उमाशंकर सिंह ने विशेष रूप से बहुआरा गांव में विकास कार्यों की कमी का मुद्दा उठाया। अधिवक्ता सुरेश प्रसाद सिंह ने भी कहा कि उनके गांव में विकास से जुड़े कार्य अपेक्षा के अनुरूप नहीं हुए हैं।
विकास कार्यों और जनसमस्याओं के समाधान की मांग
बैठक में उपस्थित लोगों ने पंचायत में बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाने, नल-जल योजना की स्थिति में सुधार करने, सार्वजनिक शौचालयों की साफ-सफाई सुनिश्चित करने और पंचायत स्तर पर आमसभा आयोजित करने की आवश्यकता पर जोर दिया। वक्ताओं ने कहा कि पंचायत के विकास में आम जनता की भागीदारी जरूरी है और ग्रामीणों की समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर दूर किया जाना चाहिए।
बैठक में नागेंद्र प्रसाद सिंह, शिवकुमार सिंह, जय प्रकाश सिंह, उमाशंकर सिंह, उदय सिंह, समाजसेवी एवं राजद कार्यकर्ता राजेश कुमार तथा अधिवक्ता सुरेश प्रसाद सिंह सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।