संवाददाता : मोहन सिंह
स्थान : बेतिया, जिला पश्चिम चंपारण (बिहार)
दिनांक : 9 मार्च 2026
पश्चिम चंपारण जिले के बेतिया स्थित समाहरणालय सभागार में जिला पदाधिकारी तरनजोत सिंह की अध्यक्षता में विशेष जिलास्तरीय परामर्शदात्री समिति की बैठक आयोजित की गई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य विभिन्न सरकारी योजनाओं में शत-प्रतिशत लक्ष्य प्राप्ति सुनिश्चित करना था।
बैठक के दौरान बैंकिंग क्षेत्र से जुड़ी कई महत्वपूर्ण योजनाओं और उपलब्धियों की समीक्षा की गई। साथ ही बैंक अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि वे योजनाओं के लक्ष्य को समय पर पूरा करने के लिए आवश्यक कदम उठाएं।
CD Ratio 83 प्रतिशत से अधिक, बिहार में तीसरा स्थान
बैठक में अग्रणी जिला प्रबंधक ने जानकारी दी कि पश्चिम चंपारण जिले का साख-जमा अनुपात (CD Ratio) 83 प्रतिशत से अधिक है, जो पूरे बिहार में तीसरे स्थान पर है।
हालांकि वार्षिक ऋण योजना (ACP) की उपलब्धि अभी 58 प्रतिशत ही है। इस पर जिला पदाधिकारी ने सभी बैंक अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे अधिक से अधिक ऋण स्वीकृत कर लक्ष्य को शत-प्रतिशत पूरा करें।
कई सरकारी योजनाओं की हुई समीक्षा
बैठक में निम्नलिखित योजनाओं की प्रगति पर विस्तार से चर्चा की गई:
- प्रधानमंत्री रोजगार सृजन योजना (PMEGP)
- प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उन्नयन योजना (PMFME)
- प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना
- किसान क्रेडिट कार्ड (KCC)
- प्रधानमंत्री मुद्रा योजना
- प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना
- प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना
- अटल पेंशन योजना
इसके अलावा स्वयं सहायता समूह (जीविका) के गठन और वित्तपोषण की स्थिति की भी समीक्षा की गई।
PMEGP में बेहतर प्रदर्शन, PMFME में कमी
बैठक में बताया गया कि PMEGP योजना के तहत बैंकों ने निर्धारित लक्ष्य से अधिक ऋण स्वीकृत किए हैं, जो एक सकारात्मक संकेत है।
वहीं PMFME योजना में लक्ष्य पूरा नहीं होने पर जिला पदाधिकारी ने असंतोष व्यक्त किया। उन्होंने संबंधित बैंकों को निर्देश दिया कि जल्द से जल्द लंबित मामलों को पूरा किया जाए।
क्रेडिट कैंप में अधिक ऋण वितरण का निर्देश
जिला पदाधिकारी ने निर्देश दिया कि आगामी क्रेडिट कैंप में अधिक से अधिक लोगों को ऋण वितरित और स्वीकृत किया जाए, ताकि सरकारी योजनाओं का लाभ आम लोगों तक पहुंच सके।
उन्होंने कहा कि बैंकर्स को समाज के आर्थिक विकास में सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए और योजनाओं को समय पर लागू करना चाहिए।
कुछ बैंकों को CD Ratio सुधारने का निर्देश
बैठक के दौरान यह भी बताया गया कि कुछ बैंकों का CD
Ratio अपेक्षाकृत कम है। इनमें प्रमुख रूप से:
- केनरा बैंक
- पंजाब नेशनल बैंक
जिला पदाधिकारी ने इन बैंकों को अपने CD Ratio में सुधार करने के लिए विशेष प्रयास करने का निर्देश दिया।
वित्तीय साक्षरता सप्ताह मनाया जाएगा
बैठक में भारतीय रिजर्व बैंक के प्रतिनिधि ने जानकारी दी कि 9 से 13 फरवरी तक वित्तीय साक्षरता सप्ताह मनाया जाएगा।
इस दौरान ग्राहकों को निम्नलिखित विषयों पर जागरूक किया जाएगा:
- KYC और CKYC प्रक्रिया
- बैंकिंग सेवाओं का सुरक्षित उपयोग
- डिजिटल बैंकिंग की जानकारी
इस पहल का उद्देश्य लोगों को वित्तीय रूप से जागरूक बनाना है।बैठक में कई अधिकारी रहे उपस्थित
इस बेतिया बैंकर्स बैठक में कई महत्वपूर्ण अधिकारी उपस्थित रहे। इनमें प्रमुख रूप से शामिल थे:
- अग्रणी जिला प्रबंधक सतीश कुमार
- भारतीय रिजर्व बैंक के अग्रणी जिला अधिकारी मलय रंजन
- नाबार्ड के जिला विकास प्रबंधक कामेश्वर सिंह
- जिला उद्योग केंद्र के महाप्रबंधक रोहित कुमार
- जीविका के डीपीएम आर. के. निखिल
इसके अलावा विभिन्न बैंकों के अधिकारी भी बैठक में उपस्थित थे।
आर्थिक विकास के लिए बैंकर्स की अहम भूमिका
जिला पदाधिकारी ने कहा कि बैंकिंग व्यवस्था का मजबूत होना जिले के आर्थिक विकास के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने बैंकर्स से अपील की कि वे सरकारी योजनाओं के लाभ को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने में सक्रिय भूमिका निभाएं।