संवाददाता मोहन सिंह बेतिया
वीटीआर जसौली के जंगल में बाघ की हमले से एक व्यक्ति की मौत हो गई. प्राप्त जानकारी के अनुसार भंगहा थाना क्षेत्र सिसवा ताजपुर जसौली निवासी शंभु महतो का पुत्र दीपेन्द्र महतो को गुरुवार की देर रात को बाघ की हमले से मौत हो गई. शुक्रवार की सुबह उस समय कोहराम मच गया जब वनकर्मी के द्वारा पेट्रोलिंग के समय ओरिया नदी के पास शव को देखा और ग्रामीणों की सूचना दी.
पहले तो लोग पहचान नहीं पाये फिर गहन छानबीन करने के बाद लोगों ने पहचान की. त्वरित भंगहा पुलिस व मंगूरहा वन रेंजर को सूचित की. आनन-फानन में घटना स्थल पर पुलिस पहुंची. रेंजर सुनील पाठक ने बताया की घटना की सूचना मिली है, लेकिन पोस्टमार्टम के बाद की पता चलेगा कि मृत्यु कैसे हुई है. अभी कहना मुश्किल है कि बाघ की हमला से मौत हुई है या किसी अन्य कारण से. इधर बिना देवी, प्रभावती देवी, मीरा देवी, रमिया देवी, रंजित दास, हरि कमल, प्राण कुमार दास, उत्तम दास, रमेश मांझी, संजय दास आदि ग्रामीणों ने बताया की दीपेन्द्र की मौत बाघ की हमले से हुई है. दीपेन्द्र एक मजदूर था. प्रत्येक दिन की तरह गुरुवार को भी वह नेपाल के विजय बस्ती गांव में मजदूरी करने गया था. शाम को घर वापस आने के क्रम में देख की लोकसभा चुनाव को लेकर भारत नेपाल बॉडर सील कर दिया गया है. तो उसने सोचा कि जंगल की रास्ते से घर के लिए निकल जाता हूं. इसी दरम्यान धूमाटांड जसौली जंगल में अहीर सिसवा के पास बाघ ने हमला बोल दिया. एक किलोमीटर तक घसीटते हुए ले गया. जहां उसकी मौत हो गई.
ओरिया नदी की समीप कम्पार्टमेंट नंबर 427 के पास उसकी शव मिली. इधर थानाध्यक्ष राहुल प्रसाद ने बताया की शव को कब्जे में ले पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है. पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद कुछ पता चलेगा