संवाददाता : मोहन सिंह
बेतिया। जिला मुख्यालय स्थित समाहरणालय में आयोजित जनसुनवाई कार्यक्रम में जिलाधिकारी तरनजोत सिंह ने आम लोगों की समस्याएं सुनकर संबंधित अधिकारियों को त्वरित समाधान के निर्देश दिए। कार्यक्रम के दौरान कुल 95 मामलों की सुनवाई की गई, जिनमें भूमि विवाद, राजस्व संबंधी मामले, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, प्रधानमंत्री आवास योजना, बिजली आपूर्ति, पेयजल व्यवस्था, सड़क निर्माण एवं राशन कार्ड से जुड़ी शिकायतें प्रमुख रहीं।
जिलाधिकारी के हस्तक्षेप से कई मामलों का मौके पर ही समाधान कर दिया गया, जिससे फरियादियों को तत्काल राहत मिली। जनसुनवाई में अब्दुल कलाम, कुसुम देवी, शिवजी प्रसाद, शोभा देवी, बच्चा राम, मालती देवी, ललिता देवी, रामदेव महतो, सुरेश साह, पूनम देवी, इंदु देवी, हसरत अली एवं यमुना यादव सहित कई लोगों ने अपनी समस्याएं प्रशासन के समक्ष रखीं।
यह कार्यक्रम सात निश्चय-3 के तहत संचालित “सबका सम्मान-जीवन आसान” अभियान के अंतर्गत आयोजित किया गया। जिले के विभिन्न प्रखंडों एवं पंचायतों से पहुंचे लोगों ने प्रशासन के समक्ष अपनी समस्याएं रखीं। इस दौरान उप विकास आयुक्त काजले वैभव नितिन, अपर समाहर्ता राजीव रंजन सिन्हा, जिला भू-अर्जन पदाधिकारी अमरेन्द्र कुमार, वरीय उप समाहर्ता श्रीमती रोचना माद्री, पीजीआरओ मासूम अंसारी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
इसी क्रम में जिलाधिकारी तरनजोत सिंह ने जानकारी दी कि जन समस्याओं के समाधान हेतु आगामी 19 मई से जिले के विभिन्न क्षेत्रों में “सहयोग शिविर” आयोजित किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य आम जनता की समस्याओं का त्वरित, पारदर्शी एवं संवेदनशील तरीके से समाधान करना है।
जिलाधिकारी ने बताया कि इन शिविरों में राजस्व, स्वास्थ्य, शिक्षा एवं समाज कल्याण योजनाओं से जुड़ी शिकायतों का मौके पर ही निपटारा करने का प्रयास किया जाएगा। इसके लिए संबंधित ग्रामीणों से पूर्व से ही आवेदन लेने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि शिविर में आने वाले प्रत्येक फरियादी की समस्या गंभीरता से सुनी जाए तथा पात्र लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ तत्काल उपलब्ध कराया जाए। साथ ही जिलेवासियों से अपील की गई कि वे अपनी शिकायतों एवं सुझावों के साथ “सहयोग शिविर” में अधिक से अधिक संख्या में भाग लेकर इस पहल का लाभ उठाएं।