संवाददाता : मोहन सिंह
बेतिया, पश्चिमी चंपारण।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) की पश्चिम चंपारण जिला कार्यकारिणी की बैठक रविवार को बेतिया स्थित बलिराम भवन में जिला अध्यक्ष राधामोहन यादव की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक में किसानों, मजदूरों, छात्रों, नौजवानों और आम जनता से जुड़े मुद्दों पर संघर्ष तेज करने तथा संगठन को गांव-गांव तक मजबूत बनाने का संकल्प लिया गया।

बैठक की शुरुआत दिवंगत पार्टी नेताओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं प्राकृतिक आपदाओं में जान गंवाने वाले लोगों को दो मिनट का मौन रखकर श्रद्धांजलि देने के साथ हुई।
बैठक को संबोधित करते हुए भाकपा के राज्य प्रभारी विजय शंकर सिंह ने देश और बिहार की वर्तमान राजनीतिक, सामाजिक एवं आर्थिक परिस्थितियों पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकारी नीतियों का सबसे अधिक असर गरीबों, किसानों, मजदूरों, महिलाओं, छात्रों और युवाओं पर पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि जनहित के मुद्दों पर पार्टी का संघर्ष और तेज किया जाएगा।
उन्होंने 15 जुलाई को पटना में विधानसभा के समक्ष प्रस्तावित जन संगठनों के प्रदर्शन तथा 1 सितंबर को दिल्ली में आयोजित होने वाली ‘परिवर्तन जरूरी है’ रैली को सफल बनाने का आह्वान किया। साथ ही बिहार की कानून-व्यवस्था, भ्रष्टाचार और भूमि अधिग्रहण से जुड़े मुद्दों पर भी सरकार की आलोचना की।
जिला सचिव ओम प्रकाश क्रांति ने संगठनात्मक गतिविधियों की रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए बताया कि जिले में पार्टी को बूथ एवं पंचायत स्तर तक मजबूत करने के लिए सदस्यता और जनसंपर्क अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि अगस्त में प्रस्तावित पदयात्रा के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में जनजागरण अभियान चलाया जाएगा। साथ ही 15 जुलाई को पटना में होने वाले प्रदर्शन में पश्चिम चंपारण से एक हजार से अधिक किसान, मजदूर, छात्र, नौजवान और महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित करने की तैयारी की जा रही है।
बैठक में उपस्थित नेताओं और कार्यकर्ताओं ने संगठन विस्तार, जनसंपर्क अभियान और जनहित के मुद्दों पर निरंतर संघर्ष जारी रखने का संकल्प लिया।
इस अवसर पर बब्लू दूबे, बाबूलाल चौरसिया, चन्द्रिका प्रसाद, केदार चौधरी, चन्द्र भूषण सिंह, ध्रुव नाथ तिवारी, अशोक मिश्र, संजय सिंह, हरेन्द्र दूबे, वीरन यादव, साधु सिंह, लक्की, राजेन्द्र साह, एन.डी. तिवारी, चंदन राव सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।