संवाददाता: मोहन सिंह
बेतिया/पश्चिमी चंपारण।
समेकित थरूहट विकास अभिकरण, पश्चिम चंपारण की प्रबंधकारिणी समिति की बैठक बुधवार को समाहरणालय सभागार में जिला पदाधिकारी सह समिति के अध्यक्ष तरनजोत सिंह की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में थरूहट क्षेत्र के समग्र एवं संतुलित विकास, संचालित योजनाओं की प्रगति, वित्तीय व्यय तथा वित्तीय वर्ष 2026-27 की प्रस्तावित विकास योजनाओं की विस्तार से समीक्षा की गई।

बैठक के प्रारंभ में भारतीय थारू कल्याण महासंघ के पूर्व अध्यक्ष एवं अंतरराष्ट्रीय महासभा के अध्यक्ष रहे स्वर्गीय दीपनारायण प्रसाद के निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया गया। उपस्थित जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों ने दो मिनट का मौन रखकर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।
परियोजना पदाधिकारी अहमद अली अंसारी ने प्रस्तुतीकरण के माध्यम से बताया कि वित्तीय वर्ष 2010-11 से 2026-27 तक अभिकरण को कुल 17,924.23 लाख रुपये का आवंटन प्राप्त हुआ है। इस राशि से 357 विकास योजनाओं का चयन किया गया, जिनमें से 289 योजनाएं पूर्ण हो चुकी हैं। अब तक कुल आवंटित राशि का 73.13 प्रतिशत व्यय किया जा चुका है। उन्होंने योजनाओं की भौतिक एवं वित्तीय प्रगति का विस्तृत विवरण भी प्रस्तुत किया।
बैठक में वित्तीय वर्ष 2026-27 की नई विकास योजनाओं पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया। जनप्रतिनिधियों ने सड़क, पुल-पुलिया, पेयजल, शिक्षा, स्वास्थ्य, सिंचाई, सामुदायिक भवन, पर्यटन तथा आधारभूत संरचना से जुड़ी योजनाओं को प्राथमिकता देने का सुझाव दिया। जिला प्रशासन ने इन सुझावों पर आवश्यक कार्रवाई का भरोसा दिलाया।
जिला पदाधिकारी तरनजोत सिंह ने कहा कि थरूहट क्षेत्र पश्चिम चंपारण की सांस्कृतिक, सामाजिक एवं प्राकृतिक विरासत का महत्वपूर्ण हिस्सा है। इस क्षेत्र का समावेशी एवं संतुलित विकास जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा के अनुरूप विकास योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पारदर्शी एवं प्रभावी ढंग से पहुंचाना सभी संबंधित विभागों की जिम्मेदारी है।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि विकास योजनाओं के चयन एवं क्रियान्वयन में स्थानीय आवश्यकताओं, जनप्रतिनिधियों के सुझावों तथा क्षेत्रीय प्राथमिकताओं का विशेष ध्यान रखा जाए। सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें ताकि योजनाओं का लाभ समय पर आम लोगों तक पहुंच सके।
जिला पदाधिकारी ने संबंधित पदाधिकारियों एवं कार्यपालक अभियंताओं को सभी स्वीकृत योजनाओं का वर्क ऑर्डर समय पर जारी करने तथा निर्माण कार्य निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूर्ण कराने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि निर्माण कार्यों की गुणवत्ता से किसी भी स्तर पर समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।
उन्होंने योजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग, स्थलीय निरीक्षण एवं सतत समीक्षा के निर्देश देते हुए कहा कि किसी भी योजना के क्रियान्वयन में अनावश्यक विलंब या लापरवाही पाए जाने पर संबंधित पदाधिकारी की जवाबदेही तय की जाएगी।
बैठक के दौरान समिति के सदस्यों के बीच बेहतर समन्वय एवं त्वरित सूचना आदान-प्रदान के उद्देश्य से समेकित थरूहट विकास अभिकरण प्रबंधकारिणी समिति का व्हाट्सएप ग्रुप बनाने का भी निर्णय लिया गया। इसके माध्यम से योजनाओं की प्रगति, बैठकों की सूचना एवं अन्य आवश्यक जानकारियां समय-समय पर साझा की जाएंगी।
बैठक में सांसद सुनील कुमार, विधायक श्रीराम सिंह, सुरेन्द्र प्रसाद कुशवाहा, समृद्ध वर्मा, जिला परिषद अध्यक्ष निर्भय कुमार महतो, प्रबंधकारिणी समिति के सदस्य, संबंधित विभागों के अधिकारी एवं कार्यपालक अभियंता उपस्थित रहे।