Breaking News अन्य राज्य बिहार: बेतिया

Bihar news शराब कारोबारियों के विरूद्ध नियमित रूप से चलायें सघन छापेमारी अभियान : जिलाधिकारी

संवदादाता :  मोहन सिंह बेतिया जिलालाधिकारी, कुंदन कुमार द्वारा आज समाहरणालय सभाकक्ष में मद्य निषेध अंतर्गत की जा रही कार्रवाई की गहन समीक्षा की गयी। उन्होंने कहा कि शराब की बिक्री करने वाले, पीने वाले, भंडारण करने वाले तथा शराब कोरोबार से जुड़े व्यक्तियों के विरूद्ध नियमित रूप से सघन छापेमारी अभियान चलायी जाय। साथ ही संबंधित व्यक्तियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित करते हुए उनके विरूद्ध विधिसम्मत कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित किया जाय।उन्होंने कहा कि हेल्पलाइन नंबर पर दर्ज शिकायतों के आलोक में त्वरित कार्रवाई की जाय और शराब की बरामदगी सहित अभियुक्तों की गिरफ्तारी भी सुनिश्चित की जाय। आ-सूचना संग्रहण अच्छे तरीके से करें ताकि ज्यादा से ज्यादा कार्रवाई हो सके। उन्होने कहा कि पूर्व में जिन स्थलों पर चुलाई शराब, देशी शराब, ताड़ी का कारोबार संचालित किया जाता था या वर्तमान में ऐसे संदिग्ध स्थलों को चिन्हित करते हुए इससे जुड़े व्यक्तियों के बीच व्यापक स्तर पर जागरूकता अभियान चलाना सुनिश्चित करें।उत्पाद अधीक्षक, बेतिया को निदेश दिया गया कि शराब का निर्माण, बिक्री एवं उसके परिवहन से संबंधित सूचना आमजनों द्वारा देने हेतु उत्पाद विभाग, बिहार द्वारा जारी टॉल फ्री नंबर-18003456268/15545 को व्यापक स्तर पर प्रचारित-प्रसारित करना सुनिश्चित करेंगे।

 

Bihar news शराब कारोबारियों के विरूद्ध नियमित रूप से चलायें सघन छापेमारी अभियान : जिलाधिकारीइस हेतु सभी गांवों के विद्युत पोल, हाट-बजार, चौक-चौराहा सहित अन्य सार्वजनिक स्थलों पर टॉल फ्री नंबर का लेखांकन सुनिश्चित किया जाय।पुलिस अधीक्षक, बेतिया, उपेन्द्र नाथ वर्मा ने कहा कि शराब मामले को लेकर सभी एसडीपीओ, इंस्पेक्टर, थानाध्यक्ष लगातार कार्रवाई करते रहें, निगरानी कराते रहें। साथ ही स्प्रिट कारोबारियों पर भी नजर बनाये रखें। उन्होंने सभी थानाध्यक्षों को निदेश दिया कि डीपीएम, जीविका एवं बीपीएम, जीविका से समन्वय स्थापित कर चुलाई शराब, देशी शराब, ताड़ी का कारोबार से बेरोजगार हुए लोगों को स्थायी रोजगार दिलाने की दिशा में राज्य सरकार की अतिमहत्वाकांक्षी सत्त जीविकोपार्जन योजना से लाभान्वित किया जाय। साथ ही जिन लोगों को उक्त योजना से लाभान्वित किया गया है, उन पर भी निगाह बनायें रखें ताकि वे पुनः शराब के कारोबार में संलग्न नहीं हो।उन्होंने कहा कि आ-सूचना संग्रहण में चौकीदारों की अहम भूमिका है, उनके माध्यम से प्राप्त छोटी-छोटी बातों को गंभीरता से लेते हुए उसे रजिस्टर में अंकित करें, साथ ही प्राप्त सूचना के आलोक में क्या कार्रवाई की गयी है, उसे भी रजिस्टर में मेंशन करें। उन्होंने कहा कि वे स्वयं विभिन्न थानों का निरीक्षण करेंगे। निरीक्षण के क्रम में जिन थानों में आ-सूचना से संबंधित रजिस्टर अद्यतन नहीं पाया जायेगा, उसके थानाध्यक्ष के विरूद्ध सख्त कार्रवाई की जायेगी।उन्होंने कहा कि धारा 110 की कार्रवाई की जाय। साथ ही आवश्यकातनुसार पीएमएलए के तहत भी कार्रवाई सुनिश्चित की जाय। उन्होंने कहा कि शराब विनिष्टिकरण, जब्त वाहनों को राज्यसात करने से संबंधित प्रस्ताव अविलंब समर्पित करें ताकि अग्रतर कार्रवाई की जा सके।

इस अवसर पर अपर समाहर्ता, नंदकिशोर साह, सभी एसडीएम, सभी एसडीपीओ, सभी अंचलाधिकारी, सभी बीडीओ सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।