संवाददाता-राजेन्द्र कुमार
आर एन कॉलेज में किया गया। इसमें कुल 30 कम्पनियां एवं 3 सरकारी विभाग सम्मिलित हुए। इस मेला में 2822 अभ्यर्थी सम्मिलित हुए जिसमें से 714 अभ्यर्थियों को कंपनियों द्वारा शॉर्टलिस्ट किया गया। उप निदेशक(नियोजन), तिरहुत प्रमंडल ने मेले का उद्घाटन दीप प्रज्ज्वलित कर के किया। उद्घाटन समारोह में जिला नियोजन पदाधिकारी, श्रम अधीक्षक, वैशाली, ITI प्राचार्य, हाजीपुर, ITI प्राचार्य महनार, प्राचार्य, RN कॉलेज, प्रबंधक DRCC मौजूद थे।
मंगलवार को मुख्य सचिव की अध्यक्षता में होने वाली विभागीय समीक्षात्मक बैठक में जिला पदाधिकारी श्री यशपाल मीणा के निर्देशन में विभागीय पदाधिकारी ने सहभागिता की । पशुपालन विभाग ,जल संसाधन विभाग , खाद्य उपभोक्ता संरक्षण विभाग, बिहार राज्य फसल सहायता योजना, पर्यावरण वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग, ग्रामीण विकास विभाग, कृषि विभाग, पंचायती राज्य विभाग की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जिला में चल रहे योजना, लक्ष्यों की आपूर्ति ,राज्य स्तर पर रैंकिंग, लंबित एवं योजना क्रियान्वयन में हो रही समस्याओं पर समीक्षात्मक बैठक में अद्यतन स्थिति पर विमर्श किया गया। मुख्य सचिव के माध्यम से निदेशित भी किया गया ।
पशुपालन विभाग द्वारा मत्स्य मॉल के प्रस्ताव पर चर्चा की गई । खाद्य उपभोक्ता संरक्षण विभाग द्वारा राज्य द्वारा दिए गए अधिप्राप्ति लक्ष्य ,सी एम आर, धान के उठाव, उसना एवं अरवा चावलों की उठान, किसानों के भुगतान आदि व प्रतिदिन लक्ष्य समीक्षा आदि पर जानकारी प्राप्त कर आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए । आदेशानुसार गेहूं की अधिप्राति 1 अप्रैल से पैक्स के माध्यम से किए जाने का निर्देश भी मिला । केंद्रानुसार बिहार में गेहूं की अधिप्राप्ति भी अच्छी हो तथा इसके प्रसार प्रचार हेतु भी निर्देश दिए गये। साथ ही दलहन व तेलहन की खरीद बिक्री भी पैक्स के माध्यम से किए जाने का निर्णय राज्य द्वारा किया गया है।
जिला पदाधिकारी ने ई केवाईसी पर पंजीयन/ फेशियल ई केवाईसी के गूगल प्ले पर मेरा ई केवाईसी ऐप पर शत् प्रतिशत लाभुक को अपने मोबाइल के माध्यम से निशुल्क पंजीयन शत प्रतिशत करने का भी निर्देश दिया गया ।
जिला पदाधिकारी ने सरकार द्वारा दिए गए निर्देश के आलोक में जिला आपूर्ति पदाधिकारी को पंचायत वार निरीक्षण, क्रियान्वयन, ई केवाईसी आदि योजनाओं को अभिलंब निष्पादन हेतु निर्देशित किया ,साथ ही बिहार राज्य फसल सहायता योजना अंतर्गत अंतरराष्ट्रीय सहकारिता वर्ष आईबीसी के अवसर पर राज्य में जिला एवं प्रखंड स्तर पर अनेक कार्यक्रम ,कार्यशाला ,प्रदर्शनी, सेमिनार आदि आयोजन का सफल संचालन हेतु भी जिला सहकारिता पदाधिकारी को निर्देशित किया गया।
पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के पदाधिकारियों को गैर वन भूमि का चिंहितिकरण व स्थानांतरण की अनिवार्यता, जिला पर्यावरण समिति एवं टास्क फोर्स की बैठक ,वन अपराध से जुड़े मामलों की समीक्षा आदि का निदेश भी प्राप्त हुआ ।
प्रत्येक जिला में औसतन 25 -30 हेक्टर गैर वन भूमि तत्काल चिन्हित करने का भी निदेश प्राप्त हुआ। ग्रामीण विकास विभाग को खेल मैदान ,एसटी ,एससी लाभ ,आवास सर्वे योजना, लोहिया स्वच्छ भारत अभियान का प्रचार- प्रसार ,डोर टू डोर योजना ,महादलित टोला सर्वे आदि योजनाओं की विस्तृत चर्चा व अद्यतन स्थिति पर समीक्षा की गई।
जिला पदाधिकारी द्वारा सभी योजनाओं के सफल संचालन हेतु सर्वे करने का आदेश संबंधित पदाधिकारी को दिया गया । साथ ही प्रखंड सह अंचल कार्यालय सह आवासीय भवन निर्माण हेतु भी अधिकारियों को त्वरित निष्पादन का निदेश दिया गया। कृषि विभाग द्वारा प्रत्येक जिले के दो आचल के दो गांव का चयन कर विभाग को उपलब्ध कराए जाने ,कोल्ड स्टोरेज, फसल सुरक्षा उपाय आदि योजनाओं के संचालन का निदेश दिया गया।
पंचायती राज्य विभाग द्वारा संचालित सभी योजनाओं की समीक्षा कर लंबित योजनाओं का तत्काल निष्पादन व योजनाओं के सफल संचालन हेतु भी निर्देशित किया गया। सभी को बैठक के अनुरूप आवश्यक दिशा निर्देश प्रदान किया गया । बैठक में उप विकास आयुक्त के साथ सभी संबंधित पदाधिकारी उपस्थित रहे।