राजापाकर में राजमिस्त्रियों को दिया गया भूकंपरोधी भवन निर्माण का प्रशिक्षण
संवाददाता: राजेन्द्र कुमार
राजापाकर, वैशाली।
प्रखंड कार्यालय राजापाकर के सभागार में बिहार राज्य आपदा प्रबंधन विभाग एवं राष्ट्रीय कौशल विकास मिशन के तत्वावधान में प्रखंड क्षेत्र की विभिन्न पंचायतों के राजमिस्त्रियों को भूकंपरोधी भवन निर्माण का प्रशिक्षण दिया गया। 12 दिवसीय प्रशिक्षण शिविर में विभिन्न पंचायतों से आए कुल 27 राजमिस्त्रियों ने प्रशिक्षण प्राप्त किया।

संस्थान के कोऑर्डिनेटर संतोष कुमार ने बताया कि 12 दिवसीय प्रशिक्षण शिविर का आयोजन राजमिस्त्रियों को सुरक्षित एवं भूकंपरोधी भवन निर्माण की आधुनिक तकनीकों से अवगत कराने के उद्देश्य से किया गया। प्रशिक्षण पूरा करने वाले राजमिस्त्रियों को विभाग की ओर से सेफ्टी किट भी प्रदान की गई। किट में जूता, हेलमेट, हथौड़ा, करनी, बसुली, साहुल सहित आवश्यक उपकरण शामिल हैं।
प्रशिक्षण कार्यक्रम में मास्टर ट्रेनर मनीष कुमार सिंह ने राजमिस्त्रियों को भवन निर्माण की आधुनिक एवं सुरक्षित तकनीकों की जानकारी दी। कार्यक्रम में जगन्नाथ कुमार ने विशेष सहयोग किया।
मास्टर ट्रेनर मनीष कुमार सिंह ने बताया कि प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य राजमिस्त्रियों को सुरक्षित एवं मजबूत भवन निर्माण की तकनीकों से परिचित कराना है, ताकि भूकंप जैसी प्राकृतिक आपदा के दौरान जान-माल के नुकसान को कम किया जा सके।
प्रशिक्षण के दौरान राजमिस्त्रियों को भवन की नींव से लेकर छत तक निर्माण के विभिन्न महत्वपूर्ण पहलुओं की जानकारी दी गई। इसमें गुणवत्तापूर्ण निर्माण सामग्री के उपयोग के साथ सही तकनीक अपनाने पर जोर दिया गया। विशेष रूप से नींव की मजबूती, दीवारों की संरचना, कॉलम एवं बीम की उचित व्यवस्था, सरिया बांधने की तकनीक तथा छत निर्माण में सुरक्षा मानकों के पालन की जानकारी दी गई।
राजमिस्त्रियों को भूकंप के झटकों को सहने में सक्षम भवन तैयार करने की व्यावहारिक जानकारी भी दी गई। प्रशिक्षण में बताया गया कि भवन निर्माण से पहले भूमि एवं मिट्टी की जांच कराना आवश्यक है। दलदली जमीन पर भवन निर्माण से बचने, भवन के ड्राइंग एवं डिजाइन के अनुसार निर्माण कार्य करने तथा राजमिस्त्रियों द्वारा पीपीई (PPE) किट का उपयोग करते हुए सुरक्षित तरीके से कार्य करने की जानकारी दी गई।
इसके अलावा 50 से 60 वर्ष पुराने भवनों की मरम्मत एवं मजबूतीकरण के तरीकों के बारे में भी राजमिस्त्रियों को प्रशिक्षित किया गया। सभी प्रशिक्षित राजमिस्त्रियों को आपदा विभाग की ओर से एक पुस्तिका भी उपलब्ध कराई गई, जिसमें भूकंपरोधी भवन निर्माण से संबंधित महत्वपूर्ण तकनीकी जानकारियां दी गई हैं।
अधिकारियों ने कहा कि प्रशिक्षित राजमिस्त्री ग्रामीण क्षेत्रों में सुरक्षित एवं मजबूत भवन निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। राजमिस्त्रियों ने भी प्रशिक्षण को उपयोगी बताते हुए कहा कि इससे उन्हें भवन निर्माण की नई एवं सुरक्षित तकनीकों की जानकारी मिली है।
मौके पर संस्थान के कोऑर्डिनेटर संतोष कुमार, विशेष सहयोगी जगन्नाथ कुमार, मास्टर ट्रेनर मनीष कुमार सिंह सहित राजमिस्त्रियों में अमरनाथ कुमार, अजय राय, चंद्रलोक कुमार, अशोक कुमार दास, संजीव राम, शिवराज कुमार, राजेश राय, देवाशीष कुमार, रोशन कुमार सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।