संवाददाता : मोहन सिंह
बेतिया, पश्चिमी चंपारण।
राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने तथा ग्रामीणों की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करने के उद्देश्य से मंगलवार को पश्चिम चंपारण जिले की 44 ग्राम पंचायतों में “सहयोग शिविर” का सफल आयोजन किया गया। शिविरों में बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लेकर अपनी समस्याओं एवं मांगों से संबंधित आवेदन प्रस्तुत किए। प्राप्त आवेदनों के निष्पादन की प्रक्रिया तत्काल प्रारंभ की गई, जबकि पूर्व से लंबित कई मामलों का मौके पर ही समाधान कर हजारों ग्रामीणों को राहत प्रदान की गई।
शिविरों में राजस्व, राशन कार्ड, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, प्रधानमंत्री आवास योजना, आयुष्मान भारत योजना, बिजली, पेयजल, शिक्षा, स्वास्थ्य, मनरेगा, भूमि विवाद, दाखिल-खारिज, वृद्धावस्था पेंशन, दिव्यांगजन सहायता, कृषि तथा छात्रवृत्ति सहित विभिन्न विभागों से संबंधित मामलों की सुनवाई की गई। संबंधित विभागों के अधिकारियों एवं कर्मियों ने ग्रामीणों को सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी तथा पात्र लाभुकों को योजनाओं से जोड़ने की प्रक्रिया भी प्रारंभ की।
इस अवसर पर सूचना प्रावैद्यिकी विभाग, बिहार के सचिव-सह-पश्चिम चंपारण के प्रभारी सचिव अभय कुमार सिंह ने योगापट्टी प्रखंड के नवलपुर पंचायत, लौरिया प्रखंड के धोबनी पंचायत तथा नौतन प्रखंड के बैकुण्ठवा पंचायत में आयोजित सहयोग शिविरों का निरीक्षण किया। उन्होंने लाभुकों से सीधे संवाद कर योजनाओं के क्रियान्वयन की स्थिति की जानकारी ली तथा अधिकारियों को आमजन की समस्याओं के प्रति संवेदनशील एवं जवाबदेह होकर कार्य करने का निर्देश दिया।
निरीक्षण के दौरान कई लाभुकों को विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ भी प्रदान किया गया।
प्रभारी सचिव अभय कुमार सिंह ने कहा कि सहयोग शिविर सरकार और आमजन के बीच संवाद का एक प्रभावी माध्यम है। इन शिविरों के माध्यम से ग्रामीणों की समस्याओं का समाधान उनके गांव में ही सुनिश्चित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि पात्र व्यक्तियों को सभी योजनाओं का लाभ समय पर मिले तथा किसी भी व्यक्ति को सरकारी सेवाओं के लिए अनावश्यक रूप से कार्यालयों का चक्कर न लगाना पड़े।
जिले में आयोजित सहयोग शिविरों की सतत निगरानी एवं सफल संचालन के लिए जिला पदाधिकारी तरनजोत सिंह, पुलिस अधीक्षक बेतिया डॉ. शौर्य सुमन, पुलिस अधीक्षक बगहा रामानंद कुमार कौशल, उप विकास आयुक्त काजले वैभव नितिन, नगर आयुक्त शिवाक्षी दीक्षित, अपर समाहर्ता राजीव रंजन सिन्हा, अपर समाहर्ता-सह-जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी अनिल कुमार सिन्हा सहित जिले के सभी वरीय पदाधिकारियों ने विभिन्न पंचायतों का भ्रमण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और शिविरों को सफलतापूर्वक संपन्न कराया।
जिला पदाधिकारी तरनजोत सिंह ने कहा कि राज्य सरकार की मंशा के अनुरूप प्रत्येक पंचायत में सहयोग शिविर आयोजित कर आमजन की समस्याओं का स्थानीय स्तर पर त्वरित समाधान किया जा रहा है। प्रत्येक माह के प्रथम एवं तृतीय मंगलवार को आयोजित होने वाले इन शिविरों के माध्यम से लोगों को सरकारी योजनाओं और सेवाओं का लाभ उनके द्वार पर उपलब्ध कराया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि सहयोग शिविर केवल शिकायत निवारण का मंच नहीं, बल्कि सरकार और जनता के बीच विश्वास एवं संवाद को मजबूत करने का माध्यम है। प्रशासन का प्रयास है कि प्रत्येक पात्र व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचे और किसी भी जरूरतमंद को सहायता प्राप्त करने में कठिनाई का सामना न करना पड़े। उन्होंने आमजन से सहयोग शिविरों में अधिक से अधिक संख्या में भाग लेने तथा अपनी समस्याओं एवं आवश्यकताओं को प्रशासन के समक्ष रखने की अपील की।
जिले की विभिन्न पंचायतों में आयोजित सहयोग शिविरों में जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, कर्मियों एवं ग्रामीणों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली, जिससे यह आयोजन जनसमस्याओं के समाधान और योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हुआ।