संवाददाता: राजेन्द्र कुमार
हाजीपुर / वैशाली
कृषि विज्ञान केंद्र हरिहरपुर, वैशाली द्वारा वरीय वैज्ञानिक एवं प्रधान डॉ. अनिल कुमार सिंह के दिशा-निर्देश में पंचायत पहियार बुजुर्ग अंतर्गत गांव रामपुर बघेल स्थित पंचायत सरकार भवन में ग्रामीण स्तर पर किसान गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विकसित भारत रोजगार एवं आजीविका गारंटी मिशन (ग्रामीण) – बीबी जी राम जी विकसित भारत अधिनियम 2025 की जानकारी किसानों तक पहुंचाना रहा।

गोष्ठी के दौरान गृह विज्ञान विशेषज्ञ डॉ. कविता वर्मा ने अधिनियम के विभिन्न प्रावधानों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि नए बिल के तहत कार्यों को चार प्रमुख श्रेणियों—जल सुरक्षा, ग्रामीण अवसंरचना, आजीविका से जुड़े कार्य तथा मौसम से संबंधित जोखिमों को कम करने वाले कार्यों—तक सीमित किया गया है। यह अधिनियम ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने, रोजगार बढ़ाने और गांवों में टिकाऊ विकास को बढ़ावा देने के उद्देश्य से लाया गया है।

उन्होंने बताया कि इस योजना के तहत रोजगार के दिनों की संख्या 100 से बढ़ाकर 125 कर दी गई है, जबकि महिलाओं की भागीदारी 48 प्रतिशत से बढ़कर 56.74 प्रतिशत हो गई है। इससे किसानों और श्रमिकों दोनों को सीधा लाभ मिलेगा। साथ ही, बाढ़ नियंत्रण और जल संरक्षण से फसलों की सुरक्षा भी सुनिश्चित होगी। राज्यों को 60 दिनों की अवधि निर्धारित करने का अधिकार दिया गया है, जिसमें बुवाई और कटाई के समय योजना के अंतर्गत कार्य रोका जाएगा, जिससे कृषि कार्यों के लिए श्रमिकों की कमी नहीं होगी।
कार्यक्रम में कृषि अभियंत्रण विशेषज्ञ कुमारी नम्रता ने जलवायु अनुकूल खेती पर किसानों को जानकारी दी। इस अवसर पर पंचायत के मुखिया, वार्ड सदस्य, उन्नतशील किसान एवं बड़ी संख्या में महिला-पुरुष प्रगतिशील किसान उपस्थित रहे। किसानों के बीच अधिनियम से संबंधित लीफलेट्स का भी वितरण किया गया।