ब्यूरो संवाददाता
इटावा। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ, जनपद इटावा द्वारा शिक्षकों की लंबित समस्याओं को लेकर एक अहम बैठक का आयोजन चौगुर्जी स्थित शिविर कार्यालय पर किया गया। बैठक में जिले भर के विभिन्न विद्यालयों से आए शिक्षकों ने अपनी समस्याएं खुलकर रखीं और विभागीय लापरवाही पर नाराजगी जताई।
बैठक में सबसे गंभीर मामला सर्वोदय इंटर कॉलेज, लौंगपुर की दिव्यांग शिक्षिका नूपुर का सामने आया, जिनकी पिछले 10 वर्षों से बिना किसी वैधानिक कारण के वेतनवृद्धि रोक दी गई है। इसके अलावा इसी विद्यालय में ऑडिट आपत्तियों के नाम पर कुछ शिक्षकों और कर्मचारियों का पिछले तीन माह से वेतन रोका गया है, जिससे उनमें भारी आक्रोश है।
संगठन मंत्री अनिल कुमार सिंह ने बताया कि ज्ञान चंद्र जैन वैद्य इंटर कॉलेज, इकदिल में चयन बोर्ड से नियुक्त 12 शिक्षकों की वेतनवृद्धि भी अकारण रोकी गई है। इन मामलों को विधान परिषद में भी उठाया जा चुका है, लेकिन शिक्षा विभाग की ओर से अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।
बैठक में एनपीएस (NPS) से जुड़े गंभीर मुद्दे भी उठाए गए। शिक्षकों ने आरोप लगाया कि बिना सहमति के फंड मैनेजर बदलकर उनकी धनराशि में गड़बड़ी की गई है। इस मामले की जांच एसआईटी द्वारा जारी है, लेकिन संबंधित विभाग शिक्षकों पर सहमति देने का दबाव बना रहा है। इसके साथ ही शिक्षकों के लंबित एरियर्स, फॉर्म-16 जारी करने में अनियमितता, और पदोन्नति से जुड़े मामलों को लेकर भी कड़ी नाराजगी जताई गई। इस्लामिया इंटर कॉलेज के शिक्षक इरशाद अहमद की चार वर्षों से लंबित पदोन्नति और वेतनमान का मामला भी बैठक में प्रमुखता से उठाया गया।
शिक्षकों ने आरोप लगाया कि कुछ संस्थाएं विभाग को गलत सूचनाएं देकर भर्ती प्रक्रिया में बाधा डाल रही हैं, जिससे योग्य अभ्यर्थियों की नियुक्ति प्रभावित हो रही है।प्रांतीय संयोजक श्रीनारायण द्विवेदी ने कहा कि शिक्षा विभाग में “नागरिक घोषणा पत्र (चार्टर)” लागू न होने के कारण शिक्षकों के कार्य वर्षों तक लंबित रहते हैं, जो उनके शोषण का कारण बनता है।
जिलाध्यक्ष पंकज कुमार सिंह चौहान ने कहा कि संगठन 31 मार्च तक समस्याओं के समाधान का समय देगा। यदि तब तक समाधान नहीं हुआ तो 07 अप्रैल से जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय पर अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन शुरू किया जाएगा। बैठक में जिला मंत्री मनोज कुमार त्रिपाठी, प्रदेश मंत्री अरुण कुमार दुबे सहित कई शिक्षक उपस्थित रहे।