Bihar News: नगर निगम द्वारा राज ड्योढ़ी में 81.10 लाख रुपये की लागत से बन रही पीसीसी सड़क, गुणवत्ता में कोताही पर होगी कड़ी कार्रवाई : गरिमा
संवाददाता: मोहन सिंह
बेतिया/पश्चिमी चंपारण।
नगर निगम क्षेत्र की ऐतिहासिक धरोहर राज ड्योढ़ी परिसर की सड़कों की तस्वीर अब जल्द बदलने वाली है। नगर निगम के वार्ड संख्या-17 में जोड़ा शिवालय मंदिर के पास राज ड्योढ़ी के पूर्वी गेट से भवानी मंडप होते हुए राज कचहरी कार्यालय के सामने तक तथा दक्षिणी गेट से ऑटो स्टैंड के समीप पुल तक पीसीसी सड़क निर्माण कार्य शुरू हो गया है।

महापौर गरिमा देवी सिकारिया ने निर्माण कार्य का निरीक्षण करते हुए बताया कि यह योजना नगर निगम द्वारा ई-टेंडरिंग प्रक्रिया के माध्यम से मेसर्स शक्ति कंस्ट्रक्शन को आवंटित की गई है। योजना की प्राक्कलित लागत 97,58,064 रुपये है, जबकि एकरारनामा राशि 81,10,356 रुपये निर्धारित की गई है। यह कार्य छठे वित्त आयोग की निधि से स्वीकृत हुआ है।
निरीक्षण के दौरान महापौर ने संवेदक को कार्यादेश में निर्धारित सभी 17 शर्तों का अक्षरशः पालन करने का सख्त निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि यह केवल सड़क निर्माण परियोजना नहीं, बल्कि बेतिया राज की ऐतिहासिक विरासत से जुड़ा गौरव पथ है। इसलिए निर्माण की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।
महापौर ने स्पष्ट किया कि निर्माण कार्य में ब्लैक स्टोन एवं सोन सैंड का उपयोग अनिवार्य होगा। कार्य को तीन माह के भीतर पूरा करना होगा तथा विभागाध्यक्ष, असैनिक विभाग, एमआईटी, मुजफ्फरपुर से गुणवत्ता जांच के बाद ही भुगतान किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि संवेदक को मजदूरों को न्यूनतम मजदूरी का भुगतान सुनिश्चित करना होगा। साथ ही खनन विभाग का एम एंड एन फॉर्म के साथ चालान जमा करना तथा निर्माण स्थल पर सूचना पट्ट लगाना भी अनिवार्य रहेगा।
महापौर ने चेतावनी दी कि निर्माण कार्य में किसी प्रकार की त्रुटि या अनावश्यक विलंब पाए जाने पर अनुबंध की शर्तों के अनुसार 10 प्रतिशत राशि की कटौती, 25 गुना रॉयल्टी की वसूली तथा आवश्यकता पड़ने पर संवेदक को काली सूची (ब्लैकलिस्ट) में भी डाला जा सकता है। इसके अलावा निर्माण कार्य पूर्ण होने के बाद 36 माह तक किसी भी प्रकार की त्रुटि के सुधार की जिम्मेदारी भी संवेदक की होगी।