संवाददाता: मोहन सिंह
बेतिया, पश्चिमी चंपारण।
ऑल इंडिया स्टूडेंट्स फेडरेशन (AISF) एवं ऑल इंडिया यूथ फेडरेशन (AIYF) के राज्यव्यापी कार्यक्रम के तहत शुक्रवार को बेतिया में NEET पेपर लीक, छात्रों पर कथित लाठीचार्ज, मुकदमे दर्ज किए जाने एवं गिरफ्तारियों के विरोध में विशाल प्रतिरोध मार्च निकाला गया।

शहीद पार्क से शुरू हुआ यह मार्च शहर के विभिन्न प्रमुख मार्गों से होते हुए जिला पदाधिकारी कार्यालय पहुंचा। वहां प्रदर्शनकारियों ने नारेबाजी करते हुए अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन जिला प्रशासन को सौंपा। कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल की तैनाती की गई थी।
प्रदर्शनकारियों का कहना था कि NEET पेपर लीक से लाखों छात्रों का भविष्य प्रभावित हुआ है। उनका आरोप था कि परीक्षा में पारदर्शिता और न्याय की मांग करने वाले छात्रों पर लाठीचार्ज, मुकदमे दर्ज करना तथा गिरफ्तारियां लोकतांत्रिक अधिकारों के विरुद्ध हैं।
मार्च के दौरान प्रदर्शनकारियों ने “शिक्षा बचाओ–भविष्य बचाओ”, “पेपर लीक बंद करो”, “छात्रों पर दमन बंद करो”, “धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दो” और “गिरफ्तार छात्रों को रिहा करो” जैसे नारे लगाए।
AISF और AIYF ने अपने ज्ञापन के माध्यम से मांग की कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा दें, NEET पेपर लीक की निष्पक्ष एवं समयबद्ध जांच कर दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाए, आंदोलनरत छात्रों पर दर्ज मुकदमे वापस लिए जाएं, गिरफ्तार छात्रों को रिहा किया जाए तथा छात्रों पर हुए कथित लाठीचार्ज की न्यायिक जांच कराई जाए। साथ ही देशभर में पारदर्शी, निष्पक्ष और विश्वसनीय परीक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की भी मांग की गई।
संगठन के नेताओं ने कहा कि यह आंदोलन छात्रों के अधिकारों, शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता और युवाओं के भविष्य की सुरक्षा के लिए चलाए जा रहे राज्यव्यापी अभियान का हिस्सा है। उन्होंने कहा कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।