हत्या मामले की पूछताछ के नाम पर बर्बरता का आरोप, युवक अस्पताल में भर्ती, परिजनों ने पुलिस पर लगाया थर्ड डिग्री टॉर्चर का आरोप
आगरा के किरावली थाना से पुलिसिया बर्बरता का सनसनीखेज मामला सामने आया है। हत्या के एक मामले में पूछताछ के लिए उठाए गए युवक पर थर्ड डिग्री टॉर्चर का आरोप लगा है। परिजनों का कहना है कि पुलिस ने कबूलनामे के दबाव में युवक को बेरहमी से पीटा, जिससे उसके दोनों पैर टूट गए।
पीड़ित युवक को थाने में डंडों से इतना मारा गया कि वह लहूलुहान होकर बेहोश हो गया। आरोप है कि मारपीट इतनी भयावह थी कि डंडे तक टूटते रहे, लेकिन पुलिस नहीं रुकी। जब युवक की हालत गंभीर हो गई, तब घबराई पुलिस ने उसे निजी वाहन से अस्पताल में भर्ती कराया।

अस्पताल में युवक के दोनों पैरों पर प्लास्टर चढ़ा हुआ है और वह जिंदगी की जंग लड़ रहा है। परिजनों ने आरोप लगाया कि यह पूछताछ नहीं बल्कि खुली यातना थी, जो मानवाधिकारों का सीधा उल्लंघन है।
वहीं मामले पर डीसीपी ने
सफाई देते हुए कहा कि युवक की केवल उंगली में चोट आई है और पूरे प्रकरण की जांच एसीपी को सौंप दी गई है। हालांकि पीड़ित और उसके परिजन पुलिस के इस बयान को झूठा बता रहे हैं और दावा कर रहे हैं कि युवक के पैर डंडों से तोड़े गए हैं।
इस घटना के बाद खाकी की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं और पुलिस की भूमिका को लेकर जांच की मांग तेज हो गई है।