संवाददाता–राजेन्द्र कुमार
वैशाली/हाजीपुर। अखिल भारतीय किसान महासभा का चौथा जिला सम्मेलन का0 राजाराम, का0अरविंद चौधरी, सभागार, शाहिद का0 जवाहर का0 राजेश्वरमंच गांधी आश्रम हाजीपुर में सुमन कुमार, प्रेमा देवी, पूर्व मुखिया रामचंद्र राय के संयुक्त अध्यक्षता में कॉर्पोरेट भगाओ , भाजपा हाराओ, संविधान , लोकतंत्र और देश बचाओ नारे के साथ, स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट के अनुसार लागत का डेढ़ गुना समर्थन मूल्य निर्धारित कर सभी फसलों के खरीद की कानूनी गारंटी करने, किसानों, बटाईदारों के सभी तरह के कर्ज को माफ करने, जल जमाव वाले चौरों से जल निकासी का प्रबंध करने, बटाईदारों का पंजीकरण कर किसानों को मिलने वाली सभी सुविधाएं प्रदान करने, आवारा पशु ओं/नीलगाय/घोरपरास से फसलों की रक्षा करने, प्रभावकारी फसल बीमा योजना चालू करने, किसानों को न्यूनतम₹5000 प्रतिमाहपेंशन देने की योजना शुरू करने, किसानों के निजी नलकूपों का विद्युतीकरण कर मुफ्तबिजली देने, नहरों के गादकी सफाई कर अतिक्रमण मुक्त करने सहित किसानों से जुड़े अन्य मुद्दों पर संघर्ष तेज करने का निर्णय लिया गया, संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर 3 अक्टूबर को लखीमपुर खीरी जनसंघार के खिलाफ देशव्यापी प्रतिवाद के दौरान हाजीपुर शहर में प्रतिवाद मार्च निकालने, 26 /27 /28 नवंबर 2023 को राजभवन के समक्ष महापरावडालने, का संकल्प लिया गया, सम्मेलन शुरू होने से पहले शहीद ए आजम सरदार भगत सिंह, कामरेड राजाराम, कामरेड अरविंद चौधरी, हरेंद्र पासवान, रामप्रसाद पासवान, सहित तमाम शाहिद व दिवंगत नेताओं को 2 मिनट मौन रहकरश्रद्धांजलि दी गई ।
कामरेड विजय महाराज द्वारा शाहिदगानके बाद, सम्मेलन का उद्घाटन करते हुए किसान महासभा के राज्यसह सचिव भाकपा माले विधायक कामरेड महानंद ने कहा कि कॉर्पोरेट परस्त सांप्रदायिक फासीवादी मोदी सरकार से जो संविधान और लोकतंत्र को समाप्त कर रही है देश के इतिहास को बदलने की साजिश कर रही है अब मांगने का समय नहीं है, इस सरकार को बदलने का समय आ गया है, किसान विरोधी इस सरकार ने दिल्ली के ऐतिहासिक किसान आंदोलन के साथ किए गए लिखित समझौता को लागू नहीं कर रही है, पूंजीपतियों कोलिए अधिकतम मूल्य की गारंटी करने वाली यह सरकार, किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य भी नहीं दे रही है, कॉर्पोरेट घरानों के टैक्स में छूट और कर्ज माफ करने वाली यहसरकार, किसानों के लागत सामग्रियों को कीमत बढ़ाकर उत्पादन खर्च बढ़ा दिया है, जिसके कारण खेती और भी घाटे का सौदा हो गया है, किसानों के आत्महत्याएं काफी बढ़ गई, जिसका मोदी की सरकार रिकॉर्ड रखना भी छोड़ दिया है, किसान विरोधी सरकार को बदलने का संकल्प लेना है और किसान आंदोलन को तेज करना है ।
सम्मेलन को भाकपा मालेके जिला प्रभारीऔर किसान महासभा के राज्य उपाध्यक्ष विशेश्वर प्रसाद यादव, मालेजिला सचिव योगेंद्र राय, ऐकटु राज्य सचिव योगेंद्र राय, रामपारस भारती, मोहम्मद खलील, सुरेंद्र राम, गिरिजा कुमारी, उमेश राय, शिवचंद्र राम, योगेंद्र राम, राम बहादुर सिंह, सहित दो दर्जन किसान नेताओं ने संबोधित किया, अंत में राज्य से आए सम्मेलन के पर्यवेक्षक, किसान महासभा के राज्यसभा सहसचिव राजेंद्र पटेल के देखरेख में 19 सदस्यों की जिला कमेटी का गठन किया गया जिसके अध्यक्ष सुमन कुमार, उपाध्यक्ष पूर्व मुखिया रामचंद्र राय एवं विजय महाराज, सचिव गोपाल पासवान, सहसचिव रामपारसभारती और श्याम कुमार, चुने गए, कार्यकारिणी में राम बहादुर सिंह, रामजतन राय, सुरेश राय, हरि नारायण सिंह, रामनाथ सिंह, बसंत कुमार, अजय प्रसाद राय, शिवनाथ राय, जगदीश राय, सहित अन्य चुने गए ।