संवाददाता मोहन सिंह
बेतिया/पश्चिमी चंपारण। नगर निगम क्षेत्र में बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के तहत वार्ड 43 स्थित रानीपकड़ी बस्ती के पास बन रहे सुव्यवस्थित मुक्ति धाम का निरीक्षण महापौर गरिमा देवी सिकारिया ने किया।
निरीक्षण के दौरान साइट इंचार्ज अभियंता सुजय सुमन, नगर पार्षद पुत्र हैदर अली और स्थानीय नागरिकों की उपस्थिति रही। इस मौके पर महापौर ने कहा कि नगर निगम के प्रत्येक वार्ड में सुव्यवस्थित मुक्ति धाम का निर्माण होना एक आवश्यक बुनियादी सुविधा है, जिससे आम लोगों को सम्मानजनक अंतिम संस्कार की व्यवस्था मिल सके।
महापौर ने बताया कि इस मुक्ति धाम का निर्माण छठे वित्त आयोग के तहत प्राप्त राशि से नगर निगम बोर्ड के निर्णय के अनुसार कराया जा रहा है। उन्होंने जानकारी दी कि इससे पहले वार्ड 36, 37 और 2 में भी आधुनिक सुविधाओं से युक्त मुक्ति धाम बनाए जा चुके हैं, जबकि संतघाट मुक्ति धाम का जीर्णोद्धार अंतिम चरण में है।
उन्होंने यह भी बताया कि वार्ड 43 सहित नगर निगम क्षेत्र के छह अन्य वार्डों में भी मुक्ति धाम निर्माण कार्य प्रगति पर है, जो जल्द ही पूर्ण कर लिए जाएंगे। निरीक्षण के दौरान महापौर ने परिसर की साफ-सफाई, पेयजल, शेड, बैठने की व्यवस्था सहित अन्य आवश्यक सुविधाओं का बारीकी से जायजा लिया।
इस दौरान उन्होंने कनीय अभियंता सुजय सुमन को निर्देश दिया कि मुक्ति धाम की नियमित देखरेख सुनिश्चित की जाए, ताकि आम नागरिकों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
स्थानीय लोगों को संबोधित करते हुए महापौर ने कहा कि नगर निगम का उद्देश्य नागरिकों को सम्मानजनक और बेहतर बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराना है। मुक्ति धाम जैसी सुविधाएं समाज के प्रति संवेदनशील प्रशासन का प्रतीक हैं।
उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे सार्वजनिक संपत्तियों की देखभाल करें और स्वच्छता बनाए रखने में सहयोग दें। साथ ही आश्वासन दिया कि नगर निगम क्षेत्र में विकास कार्यों की गति निरंतर जारी रहेगी, जिससे हर वार्ड में बुनियादी सुविधाओं का विस्तार हो सके।
इस मौके पर हैदर अली सहित स्थानीय नागरिकों ने इस पहल के लिए महापौर और नगर निगम के प्रति आभार व्यक्त करते हुए इसे क्षेत्र के लिए बड़ी उपलब्धि बताया।