संवाददाता – राजेन्द्र कुमार
राजापाकर / वैशाली (बिहार)
02 अप्रैल 2026
राजापाकर प्रखंड कार्यालय में पिछले एक वर्ष से आधार कार्ड बनाने की सुविधा बंद होने के कारण क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों, समाजसेवियों और ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है। लोगों का कहना है कि आधार कार्ड से जुड़े कार्यों के लिए अब उन्हें चौक-चौराहों पर स्थित साइबर कैफे का सहारा लेना पड़ता है, जहां दुकानदार मनमाने तरीके से मोटी रकम वसूल रहे हैं।

ग्रामीणों ने बताया कि नाम सुधार, जन्मतिथि संशोधन या अन्य त्रुटियों को ठीक कराने के लिए गरीब और असहाय लोगों से अधिक शुल्क लिया जा रहा है, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। मजबूरी में लोग यह राशि देने को विवश हैं।
ज्ञात हो कि पहले राजापाकर प्रखंड कार्यालय में आधार कार्ड बनाने और सुधार की सुविधा उपलब्ध थी, लेकिन करीब एक वर्ष से इसे बंद कर दिया गया है। इतना ही नहीं, शिक्षा विभाग द्वारा स्थानीय दो विद्यालयों में भी निशुल्क आधार सेवा शुरू की गई थी, जिसे अब बंद कर दिया गया है।
इस समस्या को लेकर राजद नेता राजीव रंजन उर्फ पंकज यादव, समाजसेवी नथुनी प्रसाद सिंह, तपसी प्रसाद सिंह, महेश प्रसाद सिंह और राम अवतार शाह सहित कई लोगों ने जिला पदाधिकारी वैशाली से मांग की है कि जल्द से जल्द प्रखंड कार्यालय में आधार सेवा पुनः शुरू की जाए, ताकि आम जनता को राहत मिल सके।