World Hypertension Day Special: Eat right, adopt a healthy lifestyle, avoid hypertension
आशीष कुमार
इटावा: नेशनल फैमिली हेल्थ सर्वे 5 (2019 21) की रिपोर्ट के मुताबिक जिले में महिलाओं के मुकाबले पुरुषों में हाइपरटेंशन के मामले अधिक देखने को मिले हैं l पुरुषों में जहां लगभग 19.7प्रतिशत हाइपरटेंशन के मामले सामने आए हैं तो वहीं महिलाओं में 16.7 प्रतिशत हाइपरटेंशन के मामले देखने को मिले हैं।
उत्तर प्रदेश आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय सैफई में आहार विशेषज्ञ अलका रानी ने बताया कि हाइपरटेंशन एक बड़ी समस्या बन रही है। इसी के जागरूकता के लिए हर वर्ष 17 मई को हाइपरटेंशन डे मनाया जाता है।
आहार विशेषज्ञ अलका ने बताया कि हाइपर टेंशन यानी उच्च रक्तचाप जो साइलेंट किलर की तरह हमारे शरीर को प्रभावित करता है। अलका ने बताया कि हाइपर टेंशन यानी उच्च रक्तचाप जो साइलेंट किलर की तरह हमारे स्वास्थ्य को प्रभावित करता है। उचित खानपान और स्वस्थ जीवन शैली अपनाकर इस समस्या से बचा जा सकता है। अलका रानी ने बताया कि इस वर्ष वर्ल्ड हाइपरटेंशन डे की थीम है ‘अपने रक्तचाप को सटीक रूप से मापे इसे नियंत्रित करें और लंबे समय तक जीवित रहे’
उन्होंने बताया कि भारत सरकार ने 2025 तक हाइपरटेंशन से पीड़ित लोगों की संख्या में 25% कमी करने के लिए लक्ष्य निर्धारित किया है। जिसके लिए भारतीय उच्च रक्तचाप नियंत्रण यानी आईएचसीआई की शुरुआत की गई है जिसके तहत उच्च रक्तचाप के लक्षण- सांस फूलना, पसीना आना, घबराहट सिर में दर्द सांस लेने में परेशानी, असमान्य दिल की धड़कन, थकान सीने में दर्द, आंखों में धुंधलापन होना,उल्टी आना जैसे लक्षण होने पर तुरंत ही ब्लड प्रेशर की नियमित जांच करवाएं और ब्लड प्रेशर होने पर तुरंत उसका उपचार शुरू करें।
जिला अस्पताल के फिजीशियन डॉ अजय शर्मा ने बताया कि औसतन प्रतिमाह लगभग 1100 से 1200 लोग ओपीडी में हाइपरटेंशन से पीड़ित आते हैं जिनको उचित उपचार प्रदान किया जा रहा है साथ ही उनकी काउंसलिंग की जाती है जिसमें दवाई के साथ उचित खानपान और स्वस्थ जीवन शैली के महत्व के बारे में बताया जाता है। हर साल 17 मई को विश्व हाइपरटेंशन दिवस मनाया जाता है l इस दिन को मनाने का प्रमुख उद्देश्य है उच्च रक्तचाप के बारे में जागरूक करने के साथ ही इससे होने वाली अन्य बीमारियों के बारे में जानकारी देना है।
हाइपरटेंशन से बचाव
अलका ने बताया कि बहुत जरूरी है स्वस्थ जीवन शैली अपनाई जाए प्रतिदिन व्यायाम और योगा करें।अपने आहार में सही से बदलाव करके ब्लड प्रेशर से संबंधित होने वाले अन्य रोगों से बचा जा सकता है जिसके लिए आहार में जैसे-ताजे फल व सब्जियों का सेवन करें,अधिक से अधिक पानी पिए, पेय पदार्थ में ताजे फल जूस नारियल पानी नींबू पानी बेल के शरबत को शामिल करें। खाने में यह मिक्स सीड्स जैसे चिया सीड्स, सनफ्लावर सीड्स, फ्लेक्स सीड्स, पंपकिन सीड्स और विशेष रूप से वाटरमेलन सीड्स का प्रयोग करें।क्योंकि इसमें पोटेशियम मैग्नीशियम फाइबर अच्छी मात्रा में होता है जो सामान रक्तचाप को बनाए रखता है। भोजन में ब्रोकली का समावेश भी कर सकते हैं क्योंकि इसमें एंटीऑक्सीडेंट होते हैं जो बॉडी में नाइट्रिक ऑक्साइड को बढ़ाते हैं जिससे रक्तचाप नियंत्रित होता है।
आइए जाने क्या है हाइपरटेंशन
हाइपरटेंशन को उच्च रक्तचाप के नाम से भी जाना जाता है इस स्थिति में उच्च रक्तचाप जिसमें खून धमनी की दीवारों पर बहुत ज़्यादा दबाव डालता है l आमतौर पर 140/90 से ऊपर के रक्तचाप को अतितनाव (हाइपरटेंशन) के रूप में परिभाषित किया जाता है l अगर दबाव 180/120 से ऊपर है तो इसे घातक माना जाता है। सामान्यता रक्तचाप 120/80 होता है ।
खाने में क्या न लें
• जंक फास्ट फूड का प्रयोग कम करें।
• डिब्बाबंद भोज्य पदार्थ न खाएं
• बेकरी प्रोडक्ट, रिफाइंड, शुगर और कार्बोनेटेड पेय पदार्थ एवं कैफीन युक्त पदार्थों का सेवन न करें।
• धूम्रपान शराब नशीले पदार्थों से दूरी बनाएं।
