मनोज कुमार राजौरिया : अब माध्यमिक शिक्षा विभाग से उन शिक्षकों का ब्योरा तलब किया गया है जिन शिक्षकों ने वर्ष 2004-05 में आगरा यूनीवर्सिटी से बीएड किया है। इससे विभाग में हड़कम्प मचा है।

इससे पहले बेसिक शिक्षा विभाग में जांच में ऐसे कुछ शिक्षकों की मार्कशीट में गड़बड़ी पाए जाने पर उनके खिलाफ कार्रवाई भी की गई है। अब माध्यमिक शिक्षा विभाग से जिस तरह ब्योरा मांगा गया है। उससे हड़कम्प है। इसकी एसआईटी जांच कराई जानी है।
इस संबंध में संयुक्त शिक्षा निदेशक ने डीआईओएस को जो पत्र लिखा है। इसमें निर्धारित प्रारूप पर जिले के माध्यमिक विद्यालयों में कार्यरत ऐसे शिक्षकों का ब्योरा मांगा गया है जिन्होंने वर्ष 2004-05 में बीएड का प्रशिक्षण डॉ. भीमराव अम्बेडकर विश्वविधालय आगरा से किया है। इसके बाद से यह ब्योरा एकत्र करके भेजा जा रहा है। इससे पूर्व बेसिक शिक्षा विभाग में भी वर्ष 2004-05 में आगरा यूनीवर्सिटी से बीएड करने वाले शिक्षकों की जांच कराई गई थी। विभागीय जांच के साथ ही एसआईटी जांच भी कराई गई थी। इसके बाद कई शिक्षकों पर कार्रवाई भी की गई थी। अब शासन के निर्देश पर माध्यमिक विद्यालयों में कार्यरत ऐसे शिक्षकों का ब्योरा तलब किया गया है। हालांकि माध्यमिक विद्यालयों में ऐसे शिक्षकों की संख्या कोई ज्यादा नहीं है लेकिन हड़कम्प की स्थिति बनी हुई है।
■ आदेश :
माध्यमिक विद्यालयों में कार्यरत उन शिक्षकों की जानकारी मांगी गई है जिन्होंने वर्ष 2004-05 में आगरा यूनीवर्सिटी से बीएड किया है। विभाग के आदेश पर निर्धारित प्रारूप पर ऐसे शिक्षकों के बारे में जानकारी जिला स्तर से भेज दी गई है। राजू राणा, डीआईओएस