Etawah News: After the death of the maternity, there was a stir, put the dead body out, the doctors and workers ran away after closing the hospital
ब्यूरो संवाददाता
इटावा : सिविल लाइन थाना क्षेत्र स्थित स्टेशन बजरिया में संचालित रघुकुल हास्पिटल में मंगलवार की सुबह एक 25 वर्षीय प्रियंका प्रसूता की आपरेशन के बाद मृत्यु हो गई। प्रसूता की मौत हो जाने के बाद हास्पिटल प्रशासन ने शव व स्वजन को बाहर करके बाकी भर्ती तीन मरीजों को अंदर बंद करके ताला लगाकर फरार हो गए। आक्रोशित स्वजन द्वारा हंगामा कर बवाल काटा गया। इस पर पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने चिकित्सक को बुलाने का प्रयास किया, नहीं आने पर नायब तहसीलदार को बुलाकर ताला तोड़ा गया। इसके बाद मरीजों को जिला अस्पताल भिजवाया गया और डिप्टी सीएमओ ने हास्पिटल को सील करा दिया तथा शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। मृतका की ननद व पति विक्रम व सुमन निवासी मोहब्बतपुर जसवंतनगर ने बताया कि गांव की ही आशा के कहने पर वह प्रसव कराने के लिए इस हास्पिटल में लाये थे। आते ही 50 हजार जमा कराने को कहा गया। इस पर 30 हजार जमा कर दिये बाकी का पैसा प्रसव के बाद देना तय हुआ था।

आरोप लगाया कि आपरेशन के बाद महिला ने पुत्र को जन्म दिया इसके बाद उसकी मौत हो गई । मौत होने के बाद स्वजनों सहित बाहर निकला दिया और फरार हो गये। महिलाएं रोती रह गई।पुलिस को मिली तहरीर के बाद एसओ सिविल लाइन सुधीर सिंह व उनके अन्य साथी क्षेत्राधिकारी अनिल कुमार व डिप्टी सीएमओ अवधेश यादव आ गये गेट पर ताला लगा देख नायब तहसीलदार तारा शुक्ला को बुलाया गया। जिनके सामने ही ताला तोड़ा गया।
इसके बाद उसमें भर्ती तीन मरीजों को सरकारी एबुलेंस से जिला अस्पताल शिफ्ट कराके डिप्टी सीएमओ अवधेश यादव ने हास्पिटल को सील करा दिया। हास्पिटल के बाहर भीड़ को बढ़ता देखकर सीओ ने पंचनामा भरवा कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया। घटना की जानकारी होते ही एसओ को भिजवा दिया था, हास्पिटल का ताला खुलवा कर मरीजों को जिला अस्पताल भेज कर सील करवा दिया गया है।