संवाददाता मोहन सिंह बेतिया
सिकरहना तटबंध निर्माण विरोधी संघर्ष समिति चनपटिया मझौलिया की ओर से बकुलहर संसकृत महाविद्यालय के परिसर के पीछे मैदान में विशाल जन सभा का आयोजन कर प्रस्तावित सिकरहना तटबंध का विरोध किया गया।
सिकरहना तटबंध के बनने से 5 लाख से ज्यादा आबादी बांध के भीतर आ जाने से विस्थापित होने के कगार पर चली जायेगी वही लगभग 76 लाख एकड़ भूमि बंजर हो जायेगी जिससे धान, मक्का, गेहूं और गन्ना के फसल का उत्पादन बंद हो जायेगा, इसलिए इस क्षेत्र की जनता सिकरहना नदी पर प्रस्तावित तटबंध का विरोध विगत कई माह से करती आ रही है, इस बांध को बनाने में सरकार का दो अरब चालीस करोड़ रूपया खर्च होना है जिससे जनता को लाभ के बजाय नुकसान ही है, इसलिए जनता सरकार के धन को बर्बाद होने से बचाने के लिए भी चिंतित है, इस सबंध में बिहार के मुख्यमंत्री, जल संसाधन मंत्री, एवं जल संसाधन विभाग के प्रधान सचिव, अपर सचिव जिला पदाधिकारी, अंचलाधिकारी को लिखित दिया जा चुका है, विभागीय अधिकारी इस योजना के सबंध में कोई जानकारी देने से भी बच रहे हैं जिससे यह योजना संदेह के घेरे में है।

यह बांध 56 किलोमीटर लंबा बनने की बात है जिसकी शुरुआत चनपटिया नगरपंचायत से है और समापन पूर्वी चम्पारण जिला के कटहा में है, लेकिन न तो इस योजना के लिए जमीन का अधीग्रहण किया गया न इसका कोई गजट है, जनता को जबरन डरा धमका कर बांध बनाने की बात हो रही है, इस बांध के नाम पर हजारों हरा पेड़ काट कर पर्यावरण को नुकसान पहुचाया गया है वही सैकड़ों एकड़ में लगी किसानों के फसल को रौंद डाला गया है, यहाँ तक की बिना खनन विभाग के अनुमति का सिकरहना नदी के तट से धडल्ले के साथ बालू काट कर नियमों का मजाक उड़ाया जा रहा है, जहाँ से इस बांध की शुरुआत है वहाँ से काम नहीं कर बकुलहर में बकुलहर मठ के जमीन पर काम किया जा रहा था जिसे जनता ने रोक दिया है, 10 फरवरी को आयोजित विशाल जनसभा में विभाग के अधिकारियों को सभी कागजात के साथ उपस्थित होने का जनता ने आग्रह किया था लेकिन विभाग के एक भी अधिकारी का उपस्थित नहीं होना दाल में काला होने के पक्ष को मजबूत बना दिया,।जनता किसी भी कीमत पर इस बांध के निर्माण के पक्ष में नहीं है इस सबंध में दोनों चम्पारण में जनता का आंदोलन चल रहा है जिसको और तेज करने का आह्वान जन सभा में किया गया।

सभा में उपस्थित लोगों को विधायक बीरेंद्र गुप्ता, पूर्व विधायक प्रकाश राय, जदयू के कद्दावर नेता डाक्टर एन एन शाही, शौकत अली मुखिया, असगर अली मुखिया, ज्याउदीन भाई, जगरनाथ यादव, अशोक कुशवाहा सभी जिला पार्षद, मोतिहारी के जिला पार्षद तौसीफू्र रहमान, पूर्वी चम्पारण तटबंध विरोधी संघर्ष समिति के अध्यक्ष एकबाल अहमद, सचिव मनोज यादव, भाकपा के जिला नेता राधामोहन यादव, राजद के बैजनाथ यादव, माले के सुनील राव, जन सुराज के कमलेश प्रसाद पूर्व प्रमुख चनपटिया, शत्रुघ्न साहू, अनवारूल हक, सी पी आई एम के महम्मद वहीद, फिरोज सरपंच, नवल कुशवाहा, मदन शर्मा, रामजी भगत, संजय यादव, मन बोध साह पूर्व सरपंच, बकुलहर मुखिया इन्द्रेश कुमार, पूर्व मुखिया गिरिश लाल, कैलाश दास, विकास कुमार, अजय साहू, आदि ने संबोधित किया
सभा में सभी प्रभावित गाँवों में संगठन तैयार करने तथा अगले आंदोलन की तैयारी में लगने का आह्वान किया गया ।