Bihar News  पारितोषिक को मानदेय में बदलना ऐतिहासिक हड़ताल की बड़ी जीत- आशा संयुक्त संघर्ष मंच

Bihar News  पारितोषिक को मानदेय में बदलना ऐतिहासिक हड़ताल की बड़ी जीत- आशा संयुक्त संघर्ष मंच
Share News

संवाददाता मोहन सिंह बेतिया

आशा संघ के हड़ताल पर पटना में सम्पन्न वार्ता में पारितोषिक शब्द को पलटते हुए महागठबंधन सरकार मासिक मानदेय करने पर सहमत हो गयी है । आशा संयुक्त संघर्ष मंच का स्पष्ट तौर से मानना है कि पारितोषिक को मानदेय में बदलना बिहार के लाखों आशा व फैसिलिटेटरों के ऐतिहासिक हड़ताल की बड़ी जीत है।IMG 20230812 WA0140

बिहार राज्य आशा कार्यकर्ता संघ (गोप गुट-ऐक्टू) के पशिचम चंपारण के प्रधान संरक्षक व भाकपा-माले नेता सुनील कुमार राव ने कहा कि अब आशा व आशा फैसिलिटेटर भी राज्य सरकार की मानदेय कर्मी हो गयी है, मानदेय कर्मी कहलाना बिहार के एक लाख आशकर्मियों के स्वाभिमान और उनकी मर्यादा से जुड़ी बात है। क्योंकि कड़ी मेहनत करने वाली एक लाख कामकाजी महिला आशा को मानदेय कर्मी से भी कमतर समझा जाता रहा है।

Bihar News  पारितोषिक को मानदेय में बदलना ऐतिहासिक हड़ताल की बड़ी जीत- आशा संयुक्त संघर्ष मंच
उन्होंने कहा कि वार्ता में आशाओं को रिटायरमेंट बेनिफिट और रिटायरमेंट उम्र 60 से बढाकर 65 वर्ष करने पर सरकार विचार करेगी। वही मासिक मानदेय में आशाओं की अपेक्षा के अनुरूप सरकार ने बदलाव नहीं किया है, आशा व आशा फैसिलिटेटरों को भुगतान हो रहे प्रति माह एक हजार राशि के अतिरिक्त डेढ़ हजार रु० प्रति माह का बढ़ोतरी करने पर सहमती बन गयी है।अब प्रतिमाह कुल 2500 रुपया मासिक मानदेय के तौर पर बिहार सरकार अपने खजाने से देगी।Bihar News  पारितोषिक को मानदेय में बदलना ऐतिहासिक हड़ताल की बड़ी जीत- आशा संयुक्त संघर्ष मंच

बिहार राज्य आशा कार्यकर्ता संघ (गोप गुट -ऐक्टू) की जिला अध्यक्ष प्रतिमा कुमारी ने बताया कि पटना की जीत हमारी है अब दिल्ली के मोदी सरकार की बारी है ,नेताओं ने कहा कि आशा हड़ताल की 9 सूत्री मांगों में केंद्र की मोदी सरकार से आशाकर्मियों को सरकारी कर्मचारी का दर्जा देने तथा इंसेंटिव राशि मे कम से कम 300 प्रतिशत की बढ़ोतरी करने जैसी महत्वपूर्ण मांग भी शामिल है, सम्पन्न वार्ता में बिहार सरकार के स्वास्थ्य मंत्री की ओर से एक प्रस्ताव व अनुशंषा से सम्बंधित पत्र केंद्र की मोदी सरकार को भेजे जाने पर सहमति बनी है महासंघ गोपगुट के जिला अध्यक्ष राज कुमार सिंह ने कहा कि सरकार से सभी बकाया,ड्रेस में राशि बढ़ाने, मुकदमों की वापसी सहित अन्य मांगों पर सकारात्मक निर्णय हुआ है इसलिए सामूहिक व व्यापक विमर्श के बाद आशा संयुक्त संघर्ष मंच के आह्वान पर 12 जुलाई 2023 से राज्य में जारी आशा व आशा फैसिलिटेटरों की अनिश्चितकालीन हड़ताल के आज 31वें दिन हड़ताल समाप्ति की घोषणा करते है.

Trending News