संवाददाता अम्बेडकर नगर
अम्बेडकरनगर जिले के विकास खण्ड जहाँगीरगंज अंतर्गत ग्राम पंचायत कल्यानपुर में प्रधानमंत्री आवास योजना में व्याप्त भ्रष्टाचार की जाँच जिलाधिकारी ने परियोजना निदेशक राकेश प्रसाद को दिया था जिसकी स्थलीय जाँच परियोजना अधिकारी द्वारा नही की गई। और कार्यालय से एक पत्र जारी कर दिया गया जिसमें 29-6-21को दिए गए शिकायती पत्र में अपात्र लोगो को पात्र साबित कर दिया गया तथा खंडविकास अधिकारी द्वारा कराई गई। जाँच को फेल कर दिया गया और अपात्रों के खातों में पहली किश्त भेज दी गई। आपको बता दे कि ग्राम पंचायत कल्यानपुर के दो तिहाई नवनिर्वाचित सदस्यों ने खंडविकास अधिकारी एवं जिलाधिकारी से अपात्रों को प्रधानमंत्री आवास दिए जाने की शिकायत की थी । शिकायत के क्रम में खंडविकास अधिकारी द्वारा जाँच कराई गई तो लाभार्थी रविन्द्र पुत्र फिरतू वाहन स्वामी पाए गए जबकि फिरता देवी के पास पक्का आवासीय मकान उपलब्ध है। प्रेमा देवी के पास भी पक्का आवासी मकान पाया गया ,यशोदा देवी के पास पक्का आवासीय मकान पाया गया ,वही शिकायत पत्र में दर्शाए गए दलसिंगार को गलत तरीके से वर्ष 97-98व 20-21 में दो बार आवास आवंटन किया गया जिनसे नियमतः रिकवरी होनी चाहिए ।
शिकायत पत्र में प्रेमा पत्नी शिवप्रसाद को पक्का आवासीय मकान रहते हुए आवास आवंटन किया गया है जबकि शिवप्रसाद को पहले भी आवास का लाभ मिल चुका है ,हौसिला पुत्र टिलठू को 20-21 में आवास दिया गया जो जमीन पर बना ही नही जबकि हौसिला टिलठू के एकमात्र पुत्र है और वर्ष 09-10 में टिलठू को आवास मिल चुका है और हौसिला परिवार सहित उसी आवास में रह रहे हैं । सत्यपाल पुत्र घुल्लू को गलत तरीके से वर्ष20-21 में आवास दिया गया है जबकि सत्यपाल के पास पहले से ही कई कमरों का पक्का आवासीय मकान वाहन ,इन्जन सब मौजूद है । खंडविकास अधिकारी की जाँच में शिकायत पत्र में दर्शाए गए सभी लोग अपात्र पाए गए और अपात्रों के खातों में भेजी गई प्रथम किश्त पर रोक लगा दी गयी तथा गलत लोगो को आवंटित आवास पर रिकवरी का आदेश जारी होता इसके पहले ही परियोजना निदेशक राकेश प्रसाद के एक पत्र ने सभी अपात्रों को एक झटके में पात्र कर दिया और रिकवरी के लिए जो दोषी पाए गए वह सब ठंडे बस्ते में डाल दिया गया ।

संवाददाता ने जब खंडविकास अधिकारी से अपात्रों के खातों पर लगी रोक हटाकर खातों में किश्त जारी करने का कारण पूछा तो खंडविकास अधिकारी जहांगीरगंज ने बताया कि जब परियोजना निदेशक की जाँच में सब सही पाए गए तो हमारी जांच का कोई औचित्य नहीं रह जाता पीडी के पत्र मिलने पर खातों पर लगाई रोक को हटाया गया है ।यहाँ गौरतलब हो कि परियोजना निदेशक आज तक गाँव में नही पहुँचे हैं न तो भौतिक सत्यापन ही किया गया है और जब इस सम्वन्ध में परियोजना निदेशक से सम्पर्क किया गया तो उन्होंने बताया कि शिकायत पत्र मिला है व्यस्तता के कारण जाँच नहीं हो पाई जल्द ही जाँच कर कार्यवाही की जाएगी ।प्रश्न उठता है कि पीडी द्वारा जाँच नही की गई तो फिर पीडी कार्यालय से पत्र कैसे जारी हो गया और ब्लाक कर्मचारी पीडी के पत्र की आड़ में अपात्रों को प्रधानमंत्री आवास की पहली किश्त पर लगी रोक हटाकर अपात्रों के खातों में भेज रहे हैं ।ज्ञात हो ग्राम पंचायत सदस्यों ने जिलाधिकारी अम्बेडकर नगर को जनता दर्शन में ग्राम पंचायत कल्यानपुर के दो तिहाई से अधिक सदस्यों ने शिकायती पत्र देकर आरोप लगाया था कि जिनके पास पक्काआवास,दो पहिया चार पहिया वाहन है, ढाई एकड़ से अधिक कृषि भूमि है या जिनके पास पचास हजार रुपये से अधिक का किसान क्रेडिट कार्ड है ग्राम प्रधान एवं ग्राम पंचायत अधिकारी ऐसे अपात्रों को आवास के लिए चयनित कर उनको लाभ दे रहे हैं ।
परियोजना निदेशक ने जाँच नही किया परन्तु उनके एक पत्र ने प्रधानमंत्री आवास में व्याप्त भ्रष्टाचार में बड़ा खेल कर खंडविकास अधिकारी की जाँच को फेल कर दिया और अपात्रों को लाभन्वित किया जाने लगा ।