संवाददाता राजेन्द्र कुमार हाजीपुर वैशाली।जिला स्वास्थ्य समिति और सेटर फाँर एडवोकेसी एंड रिसर्च सीफायर के सहयोग से सिविल सर्जन सभागार मे शनिवार को टीबी पर मीडिया कार्यशाला का आयोजन किया गया।जिसका विधिवत उद्धांटन सिविल सर्जन डाँ इंद्रदेव रंजन ने किया।कार्यशाला मे टीबी के बारे मे सीएस ने कहा कि सरकार हर स्तर से टीबी रोगियों की सुबिधा के लिए तत्पर है।मुफ्त मे जांच उपचार तथा पोषण की व्यवस्था करती है।बस आपको उसका अधिक से अधिक लाभ लेकर 2025तक भारत को टीबी मुक्त बनाना है।इन सबके अलावा एक बात और याद रखनी है कि टीबी की दबा अगर आप खा रहे है तो उसे कृपया नियमित खाएं।टीबी की नियमित दवाओं का सेवन नही करने से ही टीबी अपने दूसरे स्टेज एमडीआर मे पहुंच जाती है।वही कार्यशाला के दौरान जिला संचारी रोग पदाधिकारी डाँ शिव कुमार रावत ने कहा कि जब पोलियो को हम जड़ से समाप्त कर सकते है तो टीबी को क्यों नहीं। टीबी साधारण सी बीमारी है।

आपकी लापरवाही के कारण यह खतरनाक हो जाती है।इसका पूरा और मुफ्त इलाज सरकारी अस्पताल मे ही उपलब्ध है।अब प्राइवेट डाँक्टर भी टीबी रोगियों की खोज मे सहायता कर रहे है।अगर.कोई भी टीबी रोगियों की पहचान करता है है तो उसे उसी वक्त500 रूपये दिए जाएंगे।वहीं एनसीडी डाँ आरके साहु ने कहा कहा टीबी रोगियों को एचआईवी और शुगर की जांच अवश्य करानी चाहिए।जिससे टीबी मुक्त भारत का सपना साकार होगा।केयर भी करेगा सहयोग कार्यशाला के दौरान केयर के डीटीएल सुमित कुमार ने कहा कि अभी तक केयर मातृ एवं शिशु कालाजार और परिवार नियोजन फर तकनीकी सहयोग दे रहा था।अब केयर टीबी के उन्मूलन मे भी तकनीकी सहयोग देगा।
आशा है कि स्वास्थ्य विभाग, केयर और आम जन के सहयोग से 2025तक टीबी मुक्त भारत की संकल्पना फलीभूत होगी।
मौके पर सिविल सर्जन डाँ इंद्रदेव, एनसीडी डाँ आर के साहु,सीडीओ डाँ एसके रावत,डीएम ओ,डाँ एसपी सिह, डीआईओ,डाँ ललन राय,सीनियर डीपीएम राजीव रंजन, केयर डीटीएल सुमित कुमार, डीपीओ सोमनाथ ओझा, डाँकँटर फाँर यू से मुकेश, सीफार से श्रीकांत, अमित सिह सहित यूनिसेफ की मधुमिता, डब्ल्यू एच ओ की डाँ श्वेता राय और अन्य स्वास्थ्य कर्मी शामिल थे।