संवाददाता मोहन सिंह
बेतिया / पश्चिमी चंपारण। फाइलेरिया उन्मूलन को लेकर पश्चिमी चंपारण जिले के मधुबनी प्रखंड में मेगा कैंप के माध्यम से सर्वजन दवा सेवन अभियान की जोरदार शुरुआत की गई। बुधवार को आयोजित इस विशेष अभियान के तहत आयुष्मान आरोग्य मंदिर तमकुआ को आकर्षक रूप से सजाया गया, जहां सामूहिक दवा सेवन कार्यक्रम आयोजित हुआ।

कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों और सीएचओ लीड पीएसपी सदस्यों की उल्लेखनीय भागीदारी रही। सभी ने स्वयं फाइलेरिया रोधी दवा का सेवन कर लोगों को जागरूक किया। सीएचओ पवन वर्मा की देखरेख में आयोजित मेगा कैंप में सरपंच और वार्ड सदस्यों ने सक्रिय भूमिका निभाई। वार्ड संख्या–4 में बड़ी संख्या में लोगों को डीईसी और अल्बेंडाज़ोल दवा खिलाई गई।
अभियान के दौरान स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने घर-घर पहुंच कर दवा सेवन सुनिश्चित करने की रणनीति पर काम किया। प्रखंड पीएचसी प्रभारी डॉ. आनंद कुमार के नेतृत्व में आशा प्रबंधक और बीसीएम हीरामन ने टीमों को मार्गदर्शन दिया। लालबेगिया सेंटीनल साइट पर सीएचओ रोहित राज ने ग्रामीणों को फाइलेरिया और उसके बचाव के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
मधुबनी क्षेत्र में आशा फैसिलिटेटर सीमा देवी और आशा कार्यकर्ताओं ने घर-घर संपर्क कर पात्र लोगों को दवा सेवन के लिए प्रेरित किया। मध्य विद्यालय के प्रधान शिक्षक ने भी बच्चों और अभिभावकों से अभियान में शामिल होने और दवा सेवन सुनिश्चित करने की अपील की, ताकि आने वाली पीढ़ी को हाथीपांव जैसी गंभीर बीमारी से बचाया जा सके।
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने कहा कि फाइलेरिया एक गंभीर और कष्टदायक बीमारी है, जिसका बचाव सामूहिक दवा सेवन से संभव है। सिविल सर्जन ने अभियान में जुटे स्वास्थ्यकर्मियों और जनप्रतिनिधियों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि जनभागीदारी से ही फाइलेरिया उन्मूलन का लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।
कार्यक्रम में एएनएम अंजू कुमारी, पूजा भारती, जीविका दीदियों और स्थानीय ग्रामीणों की भी सक्रिय उपस्थिति रही।