संवाददाता आलापुर अम्बेडकर नगर
अम्बेडकरनगर जनपद के थाना जहांगीरगंज क्षेत्र में मंगलवार को उस समय हड़कंप मच गया जब एक महिला ने बीमारी से परेशान होकर बिड़हरघाट पुल से नदी में छलांग लगा दी। लेकिन मौके पर मौजूद जहांगीरगंज थाने के बहादुर पुलिसकर्मियों की सूझबूझ और साहस ने एक ज़िंदगी को मौत के मुंह से खींच लिया।
जानकारी के अनुसार, जहांगीरगंज थाना क्षेत्र के मखदूमपुर गांव निवासी शारदा देवी काफी समय से बीमारी से जूझ रही थीं। मानसिक तनाव और निराशा के चलते उन्होंने मंगलवार को बिड़हरघाट पुल से नदी में कूदकर अपनी जीवनलीला समाप्त करने का प्रयास किया।इसी दौरान गश्त पर निकले कॉन्स्टेबल चंदन सोनकर, अमित चौहान और अरविंद यादव ने महिला को नदी में गिरते देखा। बिना एक पल की देरी किए तीनों पुलिसकर्मी तुरंत नदी में कूद पड़े और बहाव से जूझते हुए महिला को बाहर निकाल लिया। इस घटना ने यह साबित कर दिया कि वर्दी केवल कानून व्यवस्था की प्रतीक नहीं, बल्कि मानवता की ढाल भी है।

महिला को सुरक्षित बाहर निकालने के बाद पुलिसकर्मियों ने प्राथमिक उपचार कराते हुए उन्हें उनके घर पहुंचाया।
चौकी प्रभारी चंद्रकांत सिंह ने बताया कि महिला मानसिक तनाव और बीमारी के कारण परेशान थी, लेकिन पुलिस टीम की सतर्कता और जांबाजी से उनकी जान बच गई।स्थानीय लोगों ने भी जहांगीरगंज पुलिस के इस साहसिक कदम की भूरी-भूरी प्रशंसा की। लोगों का कहना है कि यदि पुलिस समय पर मौके पर न पहुंचती, तो एक अनहोनी हो सकती थी।यह घटना न केवल पुलिस की फुर्ती और जिम्मेदारी का उदाहरण है, बल्कि यह भी दर्शाती है कि अम्बेडकरनगर पुलिस जनता की सुरक्षा के लिए हर समय तत्पर है — चाहे हालात कितने भी कठिन क्यों न हों।