दिलीप कुमार । उत्तर प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री कमल रानी वरुण का रविवार को निधन हो गया। 18 जुलाई को वह कोरोना से संक्रमित पाई गई थी। उनका इलाज यूपी की राजधानी लखनऊ के एसजीपीआई अस्पताल में चल रहा था। रविवार सुबह उन्होंने अंतिम सांस लीं। उत्तर प्रदेश में किसी मंत्री की कोरोना से यह पहली मौत है।

कमल रानी वरुण योगी सरकार में प्राविधिक शिक्षा मंत्री थीं। कमल रानी वरुण की तबीयत खराब होने के बाद उनका सैंपल जांच के लिए सिविल अस्पताल में भेजा गया था। 18 जुलाई को उनकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी। रिपोर्ट आने के बाद उन्हें एसजीपीजीआई में भर्ती कराया गया था।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उनके निधन पर विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए शोक संतप्त परिजनों के प्रति अपनी गंभीर संवेदना व्यक्त की। योगी ने कहा, ‘कई दिनों से प्रदेश के प्रतिष्ठित चिकित्सा संस्थान एसजीपीजीआई में उनका उपचार चल रहा था। वह कोरोना वायरस संक्रमित थीं। आज सुबह उनका दु:खद निधन हुआ।’
सीएम ने कहा कि कमल रानी वरूण लोकप्रिय जन नेता और वरिष्ठ समाजसेवी थीं। 11वीं और 12वीं लोकसभा की वह सदस्य थीं। 2017 में कानपुर नगर के घाटमपुर से विधायक चुनी गयीं थी। मुख्यमंत्री ने कहा कि कमल रानी वरूण ने मंत्रिमंडल में बड़ी कुशलतापूर्वक काम किया। उनका निधन समाज, सरकार और पार्टी के लिए बड़ी क्षति है।